US iran war: अमेरिका और ईरान के बीच का सीजफायर खत्म हो चुका है. दोनों देशों ने फिर से एक दूसरे पर हमला शुरू कर दिया है. दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक दिन पहले ही कहा था कि उनकी समझ से सीजफायर खत्म है और 8-9 जुलाई की दरम्यानी रात अमेरिकी सेना फिर से ईरान पर जोरदार हमला करेगी और किया भी.
अमेरिकी सेना ने कहा कि उसने होर्मुज को खुला रखने के लिए ईरान पर हमला किया है, हालांकि इसके बाद ईरान ने पलटवार किया है. ईरान ने बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सेना के ठिकानों पर मिसाइलों और ड्रोन से हमला कर दिया है.
अमेरिका का हमला
बता दें कि अमेरिकी सेना ने लगातार दूसरे दिन ईरान पर हमला किया है. इस दौरान उसने उत्तरी ईरान में एक बड़े रेलवे ब्रिज को निशाना बनाया गया है, जहां से ईरानी सेना को रसद पहुंचती थी. साथ ही मूसा द्वीप पर भी हमला किया गया है. ईरान के एंटी शिप मिसाइल ठिकानों को भी निशाना बनाया गया है. वहीं, इससे पहले बुधवार को ट्रंप ने चेतावनी दी कि यदि ईरानी सेना ने होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर हमले जारी रखे, तो ईरान पर अमेरिकी बमबारी और बढ़ जाएगी.
एक हमले के बदले 20 हमला
अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान में एक जगह पर हुई बमबारी जैसी घटना की तस्वीर के साथ सोशल मीडिया पर लिखा कि “यह ईरान द्वारा कल जहाजों पर की गई बमबारी का बदला है. यदि ऐसा दोबारा हुआ, तो हालात और भी खराब हो जाएंगे!”
ट्रंप ने अपनी बात को दोहराते हुए कहा कि “हमने अभी उन पर बहुत जोरदार हमला किया है, और मेरा कहना है कि हमने 20 के मुकाबले एक का हिसाब रखा है. हर बार जब वे हम पर हमला करेंगे, तो हम उन पर 20 हमले करेंगे. और हमने कल रात ऐसा ही किया. उन्होंने आज भी थोड़ी-बहुत हरकत की, लेकिन असल में यह कल रात की कार्रवाई का ही बदला था.”
ईरान का पलटवार
वहीं, कुवैत की सेना ने गुरुवार को कहा कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम “दुश्मन के मिसाइल और ड्रोन हमलों” को रोक रहे हैं. कुवैती सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि “सेना के जनरल स्टाफ का कहना है कि जो भी धमाके सुनाई दिए हैं, वे एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा दुश्मन के हमलों को रोकने का नतीजा हैं.” हालांकि सेना ने यह नहीं बताया कि ये हमले कहां से हो रहे थे.
ऐसे में ही बहरीन के गृह मंत्रालय ने कहा कि वहां हवाई हमले के सायरन बज उठे हैं. नागरिकों और निवासियों से शांत रहने और सबसे पास के सुरक्षित स्थान पर जाने का आग्रह किया जाता है.” रिपोर्ट के अनुसार बहरीन में धमाकों की आवाजें सुनी गई.