Budget 2024: जानिए क्या होता है बजट का मुख्य फोकस, कैसे किया जाता है तैयार; पहली बार कब हुआ था पेश

Abhinav Tripathi
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Sub Editor, The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
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Budget 2024: सरकार के तीसरे कार्यकाल का पहला पूर्ण बजट 23 जुलाई को पेश किया जाएगा. इसको लेकर तैयारियां की जा रही हैं. हाल में ही पीएम मोदी ने देश के बड़े अर्थशास्त्रीयों के साथ बैठक की थी. इश बैठक में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारण भी मौजूद रहीं थी. प्री-बजट मीटिंग्स लगातार की जा रही है.

माना जा रहा है कि इस बार का बजट काफी खास रहने वाला है. इस बजट में विभिन्न सेक्टर के स्टेकहोल्डर्स जैसे राजस्व विभाग, इंडस्ट्री यूनियन, किसान यूनियन, ट्रेड यूनियन, इकोनॉमिस्ट आदि का खास ध्यान रखा जाएगा. इन सब के बीच आइए आपको बताते हैं कि बजट बनाने से पहले किन बातों का विशेष ध्यान रखा जाता है…

कैसे बनाया जाता है बजट

जानकारी दें कि बजट पेश होने से पहले केंद्रीय वित्त मंत्री द्वारा प्री-बजट मीटिंग्स की जाती है. इन मीटिंग्स का मुख्य उद्देश्य होता है कि विभिन्न सेक्टर के स्टेकहोल्डर्स जैसे राजस्व विभाग, इंडस्ट्री यूनियन, किसान यूनियन, ट्रेड यूनियन, इकोनॉमिस्ट आदि के साथ चर्चा की जाए. इतना ही नहीं इसके अलावा देश के व्यापारियों, कॉरपोरेट्स और अलग-अलग सेक्टर के संगठनों से भी बातचीत की जाती है. इस दौरान विभिन्न राज्यों, मंत्रालयों, केंद्रशासित प्रदेशों और स्वायत्त निकायों से भी बजट से जुड़ी जानकारियां एकत्र की जाती हैं.

आपको जानना चाहिए कि बजट को लेकर आर्थिक मामलों के विभाग द्वारा एक सर्कुलर जारी किया जाता है. इस सर्कुलर में सभी अनुमानित वित्तीय खर्चों की जानकारी होती है. इसके बाद सभी मंत्रालयों के खर्चों के बारे में चर्चा की जाती है. बाद में फाइनेंस मिनिस्ट्री अन्य मंत्रालयों के साथ बैठक करके एक ब्लूप्रिंट तैयार करती है. फिर केंद्र के सभी मंत्रालयों के अधिकारी फंड आवंटन के लिए वित्त मंत्रालय के साथ चर्चा करते हैं. ये पूरी प्रक्रिया बजट तैयार करने की प्रमुख पहलू होती है. इसमें अन्य मंत्रालयों और वित्त मंत्रालय के बीच में समझौता किया जाता है.

क्या होता है सरकार का मुख्य फोकस

जैसा की आप जानते हैं कि सरकार की आय के प्रमुख स्रोत टैक्स, राजस्व, जुर्माना, सरकारी शुल्क, डिविडेंड आदि होते हैं. बता दें कि हर साल एक फरवरी को पेश होने वाले केंद्रीय बजट का मुख्य उद्देश्य विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करना, आय के साधन बढ़ाना, और आर्थिक ग्रोथ को बढ़ावा देना होता है.

जानिए बजट का इतिहास

गौरतलब है कि भारत का पहला बजट आजादी के बाद 26 नवंबर 1947 को पेश किया गया था. इस बजट को पहले वित्तमंत्री शनमुखम चेट्टी ने पेश किया था. वहीं, भारत के गणराज्य बनने के बाद पहला केंद्रीय बजट 28 फरवरी 1950 को पेश हुआ था. बता दें कि अंग्रेजी हुकूमत के दौरान पहला भारत का बजट 07 अप्रैल 1860 को पेश किया गया था. इसको ब्रिटिश गवर्नमेंट के फाइनेंस मिनिस्टर जेम्स विल्सन ने पेश किया था.

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