US Iran War: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है अब तक की सैन्य कार्रवाइयों से ईरान के शासन को गंभीर नुकसान पहुंचा है. मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच नेतन्याहू का ईरान की सत्ता को लेकर यह बड़ा बयान माना जा रहा है. बता दें कि नेतन्याहू ने अभी दिन पहले घोषणा की कि ईरान के खिलाफ इजरायल का सैन्य अभियान पूरी ताकत और अटूट गतिष् के साथ जारी रहेगा.
टकराव अभी खत्म होने से बहुत दूर
जिससे यह संकेत मिलता है कि दोनों क्षेत्रीय प्रतिद्वंद्वियों के बीच टकराव अभी खत्म होने से बहुत दूर है. नेतन्याहू ने कहा कि ईरान में शासन परिवर्तन अंततः वहां की जनता के हाथ में है, लेकिन इजरायल की सैन्य कार्रवाई से मौजूदा शासन पर दबाव बढ़ रहा है. नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल की इच्छा है कि ईरान की जनता उस शासन से मुक्त हो सके जिसे उन्होंने तानाशाही बताया.
इजरायल के सैन्य अभियान के बीच हुआ दौरा
नेतन्याहू के अनुसार, हमारा उद्देश्य यह है कि ईरानी लोग खुद इस अत्याचार की व्यवस्था को खत्म करें. अगर हम और ईरानी जनता मिलकर सफल होते हैं तो इससे क्षेत्र में स्थायी बदलाव आ सकता है. नेतन्याहू ने यह टिप्पणी नेशनल हेल्थ इमरजेंसी ऑपरेशंस सेंटर के दौरे के दौरान की. यह दौरा इजरायल के सैन्य अभियान के बीच हुआ, जहां स्वास्थ्य अधिकारियों ने उन्हें युद्ध के दौरान मेडिकल सिस्टम की तैयारियों की जानकारी दी.
अमेरिका और इजरायल को कड़ी चेतावनी
इस बीच ईरान की शक्तिशाली सैन्य इकाई Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने अमेरिका और इजरायल को कड़ी चेतावनी दी है. IRGC ने कहा कि युद्ध कब खत्म होगा इसका फैसला केवल तेहरान करेगा न कि अमेरिका. RGC ने अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के उस दावे को भी खारिज कर दिया जिसमें उन्होंने संघर्ष खत्म होने का संकेत दिया था. ईरान ने आरोप लगाया कि अमेरिका जनमत को प्रभावित करने के लिए चालाकी और धोखे का इस्तेमाल कर रहा है.
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