Washington: अमेरिकी विदेश विभाग ने बुधवार को सऊदी अरब के लिए यात्रा संबंधी एडवाइजरी को लेवल-3 यानी ‘यात्रा पर पुनर्विचार’ की श्रेणी में रखा है और यमन से लगी सीमा वाले इलाकों के लिए लेवल-4 यानी ‘यात्रा न करें’ की चेतावनी जारी की है. यूएस एडवाइजरी ऐसे समय आई है जब सऊदी अरब में सुरक्षा चिंताएं बढ़ी हैं. अमेरिका ने सऊदी अरब में रह रहे अपने नागरिकों को यमन की सीमा से दूर रहने की नसीहत दी है.
यमन सीमा क्षेत्र में आतंकवाद का खतरा
दूतावास ने कहा है कि यमन सीमा क्षेत्र में आतंकवाद का खतरा है और अमेरिकी नागरिकों को किसी भी कारण से इस इलाके की यात्रा नहीं करनी चाहिए. एडवाइजरी के अनुसार, यमन में सक्रिय सशस्त्र समूहों ने सऊदी अरब के सीमावर्ती शहरों और अन्य ठिकानों को ड्रोन, मिसाइल और रॉकेट से निशाना बनाया है. सीमा के नजदीक रहने वाले लोगों के लिए खतरा अधिक बताया गया है. अमेरिका ने सऊदी अरब की अपनी व्यापक यात्रा एडवाइजरी में ईरानी ड्रोन और मिसाइल हमलों, सशस्त्र संघर्ष, आतंकवाद, देश छोड़ने पर प्रतिबंध और सोशल मीडिया से जुड़े स्थानीय कानूनों को प्रमुख जोखिमों के रूप में गिनाया है.
निशाना बनाकर ड्रोन और मिसाइल हमले
अमेरिकी विदेश विभाग के मुताबिक, ईरान की ओर से सऊदी अरब में शहरों, बुनियादी ढांचे, हवाई अड्डों, सैन्य ठिकानों, राजनयिक प्रतिष्ठानों और ऊर्जा सुविधाओं को निशाना बनाकर ड्रोन और मिसाइल हमले किए गए हैं. एडवाइजरी में ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों की ओर से सऊदी अरब पर फिर हमले करने की धमकियों का भी उल्लेख किया गया है. अमेरिका ने कहा है कि इंटरसेप्ट किए गए ड्रोन और मिसाइलों का मलबा भी खतरा पैदा कर सकता है.
अमेरिकी नागरिकों के लिए जोखिम
ऊर्जा ढांचे और सैन्य ठिकानों के आसपास रहने या काम करने वाले अमेरिकी नागरिकों के लिए जोखिम विशेष रूप से अधिक हो सकता है. अमेरिकी सरकारी कर्मचारियों के लिए भी अतिरिक्त प्रतिबंध लगाए गए हैं. उन्हें यमन सीमा से 20 मील के दायरे में जाने की अनुमति नहीं है. इसके अलावा कातिफ की गैर-जरूरी यात्रा पर रोक है, जबकि जिजान, असीर, नजरान और कातिफ प्रांतों की यात्रा के लिए विशेष अनुमति जरूरी है. अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा है कि इन इलाकों में सुरक्षा जोखिमों के कारण अमेरिकी सरकार की आपातकालीन सहायता देने की क्षमता सीमित है.
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