Tokyo: पूर्वी जापान के कांटो इलाके में एक बड़े तूफान की वजह से हुई भारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है जबकि तीन लोग अब भी लापता हैं. मारे गए लोगों में से सात की मौत चिबा प्रान्त में हुई, जो टोक्यो के पूर्व में है. वहीं, राजधानी के दक्षिण-पश्चिम में स्थित कानागावा प्रान्त में चार लोगों की मौत की पुष्टि हुई है. सरकारी प्रसारक एनएचके के मुताबिक, हाल में जिस पीड़ित का शव मिला, वह 70 साल से ज्यादा उम्र की एक महिला थीं.
राहत और हालात सामान्य करने का काम जारी
कानागावा के योकोसुका में भूस्खलन के बाद उन्हें लापता बताया गया था. शुक्रवार को भी राहत और हालात सामान्य करने का काम जारी रहा. जापान मौसम विज्ञान एजेंसी के मुताबिक, इस सीजन का 26वां तूफान आने वाले दिनों में जापान के करीब पहुंच सकता है. इसकी वजह से दक्षिणी जापान के ओकिनावा प्रांत और कुछ दूसरे इलाकों में समुद्र में बहुत ऊंची लहरें और खराब मौसम देखने को मिल सकता है.
अब भी लापता लोगों की तलाश
पुलिस और दमकलकर्मी अब भी लापता लोगों की तलाश कर रहे हैं. तूफान ‘डुजुआन’ सोमवार को जापान के पूर्वी प्रशांत तट के करीब पहुंचा था. इसकी वजह से कांतो इलाके और इजू द्वीप समूह में रिकॉर्ड बारिश हुई. भारी बारिश के कारण कई जगह भूस्खलन और नदियों में बाढ़ आ गई. टोक्यो के आसपास के इलाकों में भारी नुकसान हुआ, जिसमें खासतौर पर चिबा प्रांत सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ.
1,000 इमारतें या तो पूरी तरह नष्ट
एनएचके के मुताबिक, गुरुवार दोपहर तक चिबा और कानागावा में करीब 1,000 इमारतें या तो पूरी तरह नष्ट हो गईं, क्षतिग्रस्त हुईं या उनमें पानी भर गया. उत्तरी चिबा की इम्बानुमा झील के आसपास तूफान के बाद कुछ जगहों पर बांध टूट गए. इससे आसपास के रिहायशी इलाके, धान के खेत और सड़कें पानी में डूब गईं. हालांकि, पानी का स्तर धीरे-धीरे नीचे आ रहा है, लेकिन कई इलाकों में अब भी बाढ़ का असर बना हुआ है.
यातायात भी बुरी तरह प्रभावित
तूफान ने लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी और यातायात को भी बुरी तरह प्रभावित किया है. शुक्रवार सुबह स्थानीय समय के मुताबिक करीब 6 बजे तक चिबा और कानागावा में लगभग 11,790 घरों की बिजली बंद थी. चिबा में कई रेल लाइनों के कुछ हिस्सों पर ट्रेन सेवाएं या तो बंद या कम कर दी गई हैं. कुछ सेवाओं के करीब तीन महीने तक दोबारा शुरू नहीं होने की आशंका है.
इसे भी पढ़ें. Deendayal Upadhyaya Jayanti: पं. दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर PM मोदी का संदेश, बोले- अंत्योदय ही राष्ट्र निर्माण का आधार

