India Iran Relations: भारत ने जंग के बीच बढ़ाया मदद का हाथ, ईरान को भेजी मेडिकल सहायता

Ved Prakash Sharma
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

India Iran Relations: अमेरिका-इजरायल मिलकर ईरान पर ताबड़तोड़ हमले कर रहे हैं. राजधानी तेहरान सहित कई शहरों में भारी तबाही हुई है. इस बीच भारत ने ईरान के साथ दोस्ती का हाथ बढ़ाया और दोस्त के दर्द को कम करने के लिए दवा भेज दिया है. चिकित्सा सहायता की पहली खेप तेहरान पहुंच गई है और ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी को सौंप दिया गया है. यह पहल ऐसे समय में सामने आई है, जब ईरान लगभग युद्ध जैसी स्थिति से जूझ रहा है और उसका स्वास्थ्य सेवा ढांचा भारी दबाव में है.

मोदी सरकार के इस कदम की भारत में ईरानी दूतावास ने सराहना की है और आभार व्यक्त किया है. ईरानी दूतावास ने कहा कि उसे भारत से दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की पहली खेप मिल गई है. ईरान ने इस सहायता के लिए भारत के लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया है. भारत-ईरान संबंधों को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए ईरानी राजदूत मोहम्मद फथाली ने टिप्पणी की कि भारत एक मित्र राष्ट्र है और दोनों देशों के हित आपस में जुड़े हुए हैं.

राजदूत ने जिक्र किया कि भारत ने न सिर्फ चिकित्सा सहायता भेजी है, बल्कि उसने पहले भी शिपिंग (जहाजरानी) से संबंधित मामलों में ईरान को सहायता प्रदान की थी. उन्होंने आगे कहा कि जहां कुछ अन्य देशों ने समर्थन देने से इनकार कर दिया, वहीं ईरान अपने हितों की रक्षा के लिए हर संभव उपाय करेगा और सही समय आने पर उचित जवाब देगा. इस बीच भारत के आम नागरिक भी ईरान की सहायता के लिए आगे आ रहे हैं.

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर ईरानी दूतावास ने घोषणा की कि कई भारतीय नागरिकों ने संकट से प्रभावित लोगों की सहायता के लिए वित्तीय मदद देने की इच्छा व्यक्त की है. इसके साथ ही दूतावास ने लोगों को योगदान करने में सक्षम बनाने के लिए नई दिल्ली में एक बैंक खाते का विवरण साझा किया. हालांकि, खबरों के मुताबिक, तकनीकी गड़बड़ियों ने ऑनलाइन हस्तांतरण में बाधा डाली है. दूतावास ने सूचित किया कि फिलहाल, GPay जैसे भुगतान प्लेटफॉर्म ठीक से काम नहीं कर रहे हैं. इन परिस्थितियों में इच्छुक व्यक्ति नकद में अपना योगदान देने के लिए व्यक्तिगत रूप से दूतावास जा सकते हैं. ईरानी दूतावास ने उन सभी भारतीयों के प्रति आभार व्यक्त किया, जो सहायता की पेशकश लेकर आगे आए हैं.

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