Baloch Liberation Army: बलूचिस्तान पाकिस्तानी सेना के लिए कब्रगाह बनता जा रहा है. बलूच विद्रोहियों की ओर से यहां मुनीर की सेना पर लगातार हमले हुए हैं. इस बीच बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने दावा किया है कि उसकी ओर से चल रहा हमला, जिसे ऑपरेशन हेरोफ फेज 2.0 नाम दिया गया है, बलूचिस्तान के कई जिलों में 40 घंटे से ज्यादा समय से जारी है. समूह की ओर से कहा गया है कि उसके हमले में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को भारी नुकसान हुआ है. BLA ने कई शहरी और ग्रामीण इलाकों में अपना कंट्रोल होने का दावा भी किया है.
क्या कहा बीएलए प्रवक्ता ने?
बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी के प्रवक्ता जीयांद बलूच की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि समूह के लड़ाकों ने खारान, मस्तुंग, तुम्प और पसनी सहित अन्य इलाकों में ऑपरेशन पूरे कर लिए हैं. यह दावा भी किया गया है कि अन्य जगहों पर लड़ाई जारी है. समूह ने कहा है कि उसके लड़ाके क्वेटा और नोशकी के कुछ हिस्सों में मौजूद हैं, जहां से इस्लामाबाद की सैन्य मौजूदगी को पीछे धकेल दिया गया है.
BLA ने दावा किया है कि उसके हमलों में पाकिस्तान सेना, पुलिस और फ्रंटियर कॉर्प्स के 200 से अधिक जवान मारे गए हैं और कम से कम 17 लोगों को पकड़ा गया है. समूह ने इन आंकड़ों को शुरुआती अनुमान बताया है, जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि असल नुकसान इससे कहीं ज्यादा हुआ है. BLA को दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है.
बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी ने कहा कि उसने नोशकी के डिप्टी कमिश्नर मुहम्मद हुसैन हजारा और असिस्टेंट कमिश्नर मारिया शामू को हिरासत में लिया और बाद में रिहा कर दिया. BLA ने इस रिहाई को ‘मानवीय कदम’ बताया है. BLA ने कहा कि वह स्थानीय नागरिक प्रशासन और पुलिस को तब तक सीधे दुश्मन नहीं मानता, जब तक वो सक्रिय रूप से उसके लड़ाकों का विरोध नहीं करते. समूह ने चेतावनी दी है कि जो स्थानीय अधिकारी और पुलिसकर्मी ‘कब्जा करने वाली सेना की मदद करेंगे’ उन्हें दुश्मन माना जाएगा.
बीएलए ने मानी नुकसान की बात
BLA ने इस दौरान यह भी माना है कि ऑपरेशन में उसको भी नुकसान पहुंचा है. BLA ने कहा कि ऑपरेशन के दौरान उसके 18 लड़ाके मारे गए हैं, जिनमें मजीद ब्रिगेड के 11 ‘फिदायीन’ (आत्मघाती हमलावर), फतेह स्क्वाड के 4 लड़ाके और STOS यूनिट के 3 लड़ाके शामिल थे.
BLA ने यह भी स्वीकार किया कि हमलों में महिला हमलावर शामिल थीं. ‘फिदायीन’ में आसिफा मेंगल शामिल थीं, जिन्होंने नोशकी में ISI हेडक्वार्टर को निशाना बनाते हुए ऑपरेशन पूरा किया.
BLA ने कहा कि आसिफा मेंगल 2 अक्टूबर 2023 को बलूच लिबरेशन आर्मी की मजीद ब्रिगेड में शामिल हुई थीं और जनवरी 2024 में फिदायीन बनने का फैसला किया था. BLA ने बताया कि ऑपरेशन हेरोफ को अंजाम देते हुए मेंगल की मौत शुक्रवार को हुई थी. इस बीच बलूचिस्तान प्रांत के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती ने रविवार को कहा था कि आतंकवाद विरोधी कई अभियानों में पिछले 40 घंटों में कम से कम 145 आतंकवादी और 17 सुरक्षाकर्मी ढेर हुए हैं.

