Bangladesh Elections: आम चुनावों की तैयारियों में बांग्लादेश जुट गया है. कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच देश में 22 जनवरी से चुनाव प्रचार शुरू होगा. हालांकि, अंतरिम सरकार ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग फरवरी 2026 में होने वाले राष्ट्रीय संसदीय चुनावों में हिस्सा नहीं ले सकेगी.
शेख हसीना के सत्ता से बेदखल होने के बाद पहला चुनाव
दरअसल, बांग्लादेश में 12 फरवरी को आम चुनाव होने जा रहे हैं, जो कि अगस्त 2024 में छात्रों के हिंसक प्रदर्शन के बाद अवामी लीग सरकार के सत्ता से बेदखल होने के बाद पहले चुनाव होंगे. ढाका ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, संशोधित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार रिटर्निंग अधिकारियों के फैसलों के खिलाफ अपील का निपटारा 10 से 18 जनवरी के बीच किया जाएगा.
वहीं उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि 20 जनवरी है. मतदाता 21 जनवरी को उम्मीदवारों की अंतिम सूची प्रकाशित करेंगे और चुनावी चिन्ह आवंटित करेंगे. रिपोर्ट के मुताबिक, चुनाव प्रचार 22 जनवरी से शुरू होगा और 10 फरवरी को सुबह 7:30 बजे तक चलेगा. 12 फरवरी को सुबह 7:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक मतदान होगा.
12 फरवरी को ही होंगे चुनाव, मुहम्मद यूनुस का दावा
चुनाव आयोग 22 जनवरी से 8 लाख से अधिक पीठासीन और सहायक पीठासीन अधिकारियों को प्रशिक्षण देना भी शुरू करेगा. चुनाव प्रशिक्षण संस्थान (ईटीआई) के महानिदेशक मुहम्मद हसनुज्जमान ने बुधवार को बताया कि प्रशिक्षण कार्यक्रम 7 फरवरी तक जारी रहेगा. मंगलवार को मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस ने इस बात की पुष्टि की कि उनकी सरकार 12 फरवरी को निर्धारित समय पर आम चुनाव और जनमत संग्रह कराने के लिए प्रतिबद्ध है.
स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव का दावा
अपने बयान में मुख्य सलाहकार ने कहा था कि चाहे कोई कुछ भी कहे, चुनाव 12 फरवरी को ही होंगे- एक दिन पहले नहीं, एक दिन बाद नहीं. उन्होंने आगे कहा कि मतदान स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण होगा और उत्सवपूर्ण माहौल में आयोजित किया जाएगा. बता दें कि मुख्य सलाहकार ने ये टिप्पणियां तब सामने आई, जब अमेरिका के दो पूर्व वरिष्ठ राजनयिक अल्बर्ट गोम्बिस और मोर्स टैन से मंगलवार रात ढाका के स्टेट गेस्ट हाउस में मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने कहा कि अंतरिम सरकार चुनावों के दौरान पूरी तरह से तटस्थ रहेगी, जिससे निष्पक्ष प्रशासन और सभी राजनीतिक दलों के लिए समान अवसर सुनिश्चित होंगे.
शेख हसीना की पार्टी आम चुनाव से बाहर रहेगी
मालूम हो कि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग चुनावों में हिस्सा नहीं ले सकेगी. अंतरिम सरकार के अनुसार, पार्टी की गतिविधियों पर प्रतिबंध होने की वजह से उसे चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी. अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार के प्रेस सचिव शफीकुल आलम ने 24 दिसंबर को यह जानकारी दी थी. उन्होंने सलाहकार परिषद की बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि अवामी लीग की राजनीतिक गतिविधियां प्रतिबंधित हैं और चुनाव आयोग ने पार्टी का पंजीकरण भी रद्द कर दिया है, इसलिए वह आगामी चुनाव में भाग नहीं ले सकती.