Punjab: दिलजीत दोसांझ की फिल्म ‘सतलुज’ पर चल रहा विवाद अब कोर्ट तक पहुंच गया है. मोहाली के एक युवक ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की है. इस याचिका में ‘सतलुज’ को फिर से बहाल करने के लिए कहा गया है. मांग की गई है कि यह फिल्म को देशभर में ओटीटी प्लेटफॉर्र्म ZEE5 पर तत्काल दोबारा उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए जाएं.
सार्वजनिक करने के निर्देश दिए जाएं
यदि फिल्म को हटाने के पीछे कोई सरकारी, वैधानिक या न्यायिक आदेश है तो उसे सार्वजनिक करने के निर्देश दिए जाएं, ताकि दर्शकों के सामने पूरी स्थिति स्पष्ट हो सके. ‘सतलुज’ फिल्म मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालड़ा के जीवन पर आधारित है, जिसको लेकर विवाद चल रहा है. फिल्म पहले ‘पंजाब 95’ शीर्षक से बनाई गई थी और बाद में ‘सतलुज’ नाम से 3 जुलाई 2026 को ज़ी5 पर प्रदर्शित की गई.
महज 2 दिन बाद ही इसे OTT से हटाया
फिल्म के रिलीज होने महज 2 दिन बाद ही इसे OTT प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया. इससे दर्शकों और फिल्म निर्माताओं में काफी नाराजगी देखने को मिल रही है. इस फिल्म को हटाए जाने से दिलजीत दोसांझ सहित कई कलाकारों ने दुख व्यक्त किया है. वहीं इस फिल्म को हटाने पर राजनीति भी गरमाई हुई है. नाभा जेल प्रशासन ने होशियारपुर प्रशासन को जसवंत सिंह खालड़ा हत्याकांड के मुख्य आरोपी और पूर्व डीएसपी जसपाल सिंह की तलाश करने के निर्देश तक जारी कर दिए हैं.
मामले में उम्र कैद की सजा
पूर्व डीएसपी जसपाल सिंह को इस हत्या के मामले में उम्र कैद की सजा सुनाई गई थी, वह मई 2023 में जमानत पर जेल से बाहर आए थे. अब पुलिस प्रशासन द्वारा उसकी तलाश शुरू कर दी है.
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