ऐसे शुरुआती लक्षण लिवर कैंसर के संकेत! तत्काल डॉक्टर से करें संपर्क, समय पर इलाज ही बचाव

HealthTips: लिवर शरीर का एक बेहद महत्वपूर्ण अंग है, जो खून को साफ करता है. पाचन में भी मदद करता है. साथ ही इसका काम शरीर के लिए ऊर्जा का संचय करना होता है. लिवर को हिंदी में यकृत कहा जाता है. जब लिवर में मौजूद कोशिकाएं असामान्य रूप से बढ़ने लगती हैं और गांठ या ट्यूमर का रूप ले लेती हैं तो इसे लिवर कैंसर कहा जाता है.

शुरुआती लक्षणों को पहचाना बेहद जरूरी

लिवर कैंसर होने पर शरीर की पूरी कार्यप्रणाली प्रभावित होने लगती है और समय पर इलाज न मिले तो यह जानलेवा भी साबित हो सकता है. लिवर कैंसर के शुरुआती लक्षणों को समय रहते पहचाना बेहद जरूरी है. लिवर कैंसर का सबसे आम और शुरुआती लक्षण पेट में दर्द माना जाता है. यह दर्द आमतौर पर पेट के ऊपरी दाहिने हिस्से में महसूस होता है, जहां लिवर स्थित होता है.

लिवर कैंसर में लिवर की कार्यक्षमता प्रभावित

शुरुआत में यह दर्द हल्का या कभी-कभी महसूस होने वाला हो सकता है लेकिन समय के साथ यह लगातार बना रहता है. लिवर कैंसर में लिवर की कार्यक्षमता प्रभावित होने लगती है, जिसके कारण पेट के अंदर तरल पदार्थ जमा होने लगता है. इस स्थिति को मेडिकल भाषा में एसाइटिस कहा जाता है. तरल पदार्थ बढ़ने से पेट सामान्य से ज्यादा फूला हुआ, कसा हुआ और भारी दिखाई देता है.

शरीर को जरूरी पोषण नहीं मिल पाता

लिवर कैंसर में बिना किसी डाइटिंग या एक्सरसाइज के वजन तेजी से कम होने लगता है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि लिवर ठीक से काम नहीं कर पाता और शरीर को जरूरी पोषण नहीं मिल पाता. लिवर कैंसर होने पर लिवर अपनी सामान्य कार्यप्रणाली सही ढंग से नहीं कर पाता, जिससे शरीर में बिलीरुबिन नामक तत्व जमा होने लगता है.

विषैले पदार्थों को बाहर निकालने की क्षमता कम

लिवर कैंसर में पाचन प्रक्रिया प्रभावित होने लगती है, जिससे व्यक्ति को भूख कम लगने लगती है. लिवर कैंसर में शरीर की ऊर्जा बनाने और विषैले पदार्थों को बाहर निकालने की क्षमता कम हो जाती है, जिससे व्यक्ति को बिना कोई काम किए भी लगातार थकान और कमजोरी महसूस होती रहती है. लिवर कैंसर में लिवर खून को सही तरीके से साफ नहीं कर पाता, जिससे शरीर में विषैले तत्व जमा होने लगते हैं. इसके कारण बिना किसी स्किन एलर्जी या संक्रमण के भी त्वचा पर लगातार खुजली, लाल चकत्ते या रैशेज दिखाई देने लगते हैं.

तुरंत डॉक्टर से जांच करवाना बेहद जरूरी

लिवर कैंसर में शरीर में तरल पदार्थ का संतुलन बिगड़ जाता है, जिससे पैरों और टखनों में सूजन आने लगती है. अगर ऊपर बताए गए लक्षण लंबे समय से नजर आ रहे हैं तो इन्हें नजरअंदाज न करें. तुरंत डॉक्टर से जांच करवाना बेहद जरूरी है, क्योंकि शुरुआती अवस्था में लिवर कैंसर का इलाज संभव होता है.

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