Aaj Ka Mausam 10 June 2026: देशभर में मौसम ने एक साथ दो अलग-अलग रूप दिखाने शुरू कर दिए हैं. एक ओर उत्तर और मध्य भारत के मैदानी इलाकों में भीषण गर्मी और लू लोगों का जीना मुश्किल कर रही है, तो दूसरी ओर मानसून की बढ़ती सक्रियता और नए मौसमी सिस्टमों के कारण देश के कई हिस्सों में तेज आंधी, भारी बारिश और वज्रपात का खतरा मंडरा रहा है. मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 72 घंटे देश के कई राज्यों के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी पहुंच रही है. इसके साथ ही उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है, जबकि बिहार और पश्चिम बंगाल के आसपास कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है. इन मौसमी परिस्थितियों के कारण देश के बड़े हिस्से में मौसम तेजी से करवट ले रहा है.
17 राज्यों में बारिश, आंधी और वज्रपात का महा-अलर्ट
मौसम विभाग ने देश के 17 राज्यों में तेज बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की चेतावनी जारी की है. कई इलाकों में 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है. विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है.
दिल्ली-NCR में गर्मी का प्रचंड प्रहार
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और एनसीआर के लोगों को आज भी भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है. मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में अधिकतम तापमान 42 से 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. दोपहर के समय लू का असर सबसे ज्यादा रहने की संभावना है, जिससे खुले में निकलना मुश्किल हो सकता है. हालांकि शाम के समय धूल भरी हवाएं चलने से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है. मौसम विभाग का अनुमान है कि 11 जून से उत्तर भारत में मौसम बदलना शुरू होगा. 12 और 13 जून को दिल्ली, पंजाब और हरियाणा के कई हिस्सों में तेज आंधी और बारिश का दौर शुरू हो सकता है, जिससे तापमान में 4 से 6 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है.
उत्तर प्रदेश और राजस्थान में गर्मी का कहर
उत्तर प्रदेश और राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में भी भीषण गर्मी जारी है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश और पश्चिमी राजस्थान के कई जिलों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है. उत्तर प्रदेश के मेरठ, गाजियाबाद, आगरा, कानपुर, वाराणसी, गोरखपुर और प्रयागराज समेत कई जिलों में आज लू का अलर्ट जारी है. हालांकि मौसम विभाग का कहना है कि अगले दो दिनों के भीतर मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है. कई इलाकों में 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से आंधी चलने और बारिश होने की संभावना है. वहीं राजस्थान के जयपुर, अजमेर, उदयपुर और बीकानेर में प्री-मानसूनी गतिविधियां तेज होने लगी हैं. कई क्षेत्रों में धूल भरी आंधी के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है.
मुंबई में मानसून की दस्तक का इंतजार
देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में मानसून का इंतजार अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है. शहर में आज उमस भरा मौसम बना रहेगा. मौसम विभाग के अनुसार 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है. आईएमडी के अनुसार अगले 24 से 48 घंटों के भीतर मुंबई में मानसून की आधिकारिक दस्तक हो सकती है, जिसके बाद बारिश की गतिविधियों में और तेजी आने की उम्मीद है.
बिहार और झारखंड में बिजली गिरने का खतरा
पूर्वी भारत के कई राज्यों में मौसम खतरनाक बना हुआ है. बिहार के पटना, गया, मुजफ्फरपुर, पूर्णिया और भागलपुर सहित कई जिलों में भारी बारिश और वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है. इसके अलावा झारखंड की राजधानी रांची समेत धनबाद और जमशेदपुर में भी 13 जून तक आंधी और बारिश की संभावना है. इससे लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिल सकती है, लेकिन बिजली गिरने की घटनाओं को लेकर सतर्क रहने की जरूरत होगी.
पश्चिम बंगाल में भारी बारिश का अलर्ट
पश्चिम Bengal में सक्रिय लो-प्रेशर सिस्टम के प्रभाव से मौसम लगातार खराब बना हुआ है. कोलकाता, हावड़ा, हुगली और दक्षिण 24 परगना समेत कई जिलों में मूसलाधार बारिश की संभावना जताई गई है. मौसम विभाग ने समुद्र में जाने वाले मछुआरों को विशेष सावधानी बरतने और खराब मौसम के दौरान समुद्र में न जाने की सलाह दी है.
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और पहाड़ी राज्यों में मौसम बदलेगा मिजाज
मध्य प्रदेश के भोपाल, इंदौर, उज्जैन और सीहोर सहित कई जिलों में आज आंधी और बारिश की गतिविधियां शुरू हो सकती हैं. इसी तरह छत्तीसगढ़ में भी मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है. उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई है. देहरादून, नैनीताल, चमोली, पिथौरागढ़, मंडी, कुल्लू और चंबा जैसे क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है, जिसके चलते पर्वतीय मार्गों पर यात्रा जोखिम भरी हो सकती है.
दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत में मानसून का जोर
दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर राज्यों में मानसून पूरी तरह सक्रिय बना हुआ है. केरल, तटीय कर्नाटक, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार भारी बारिश दर्ज की जा रही है. वहीं, पूर्वोत्तर भारत के असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय और नागालैंड में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ गया है. कई निचले इलाकों में जलभराव और बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं, जिससे जनजीवन प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है।

