Indore: मध्य प्रदेश में इंदौर के चर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड को लेकर नया अपडेट सामने आया है. मेघालय की एक अदालत ने हनीमून के दौरान अपने पति की हत्या करने की आरोपी सोनम रघुवंशी को जमानत दे दी. ससुराल वाले तो उसे कभी घर रखेंगे नहीं और अब तो मायके वालों ने भी उससे मुंह फेर लिया है. कोर्ट के फैसले के बाद सोनम के भाई ने कह दिया है कि उनका अपनी बहन से कोई रिश्ता नहीं है.
सोनम का निजी फैसला
गोविंद ने साफ शब्दों में कह दिया है कि वह सोनम को अपने साथ नहीं रखेगा. उनका कहना है कि सोनम की गिरफ्तारी के बाद ही उसने बहन से नाता तोड़ लिया था और जमानत मिलने का मतलब यह नहीं कि वह निर्दोष साबित हो गई है. सोनम अब कहां रहेगी, इस पर उसने कहा कि यह उसका निजी फैसला है, इसमें उसका कोई हस्तक्षेप नहीं होगा. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके परिवार ने इस मामले में अब तक कोई निजी वकील नहीं रखा है और न ही जमानत के लिए कोई पहल की है.
न्यायालय की प्रक्रिया के तहत जमानत
उनके अनुसार जमानत पूरी तरह न्यायालय की प्रक्रिया के तहत हुई है. लगातार आरोपों से परेशान होकर सोनम के भाई ने कहा कि यदि उन्हें लगातार परेशान किया गया, तो वे आत्महत्या जैसा कदम उठाने पर मजबूर हो सकते हैं. वहीं इससे पहले राजा के परिवार ने सोनम की जमानत का विरोध किया था. सोनम को चार शर्तों के साथ ज़मानत मिली, वह न तो फ़रार होगी और न ही सबूतों या गवाहों के साथ छेड़छाड़ करेगी.
50,000 रुपये का निजी मुचलका
वह अदालत द्वारा तय की गई हर तारीख पर पेश होगी. वह उचित अनुमति के बिना इस अदालत के अधिकार क्षेत्र से बाहर नहीं जाएगी और वह इस अदालत की संतुष्टि के लिए 50,000 रुपये का निजी मुचलका और इतनी ही राशि के दो ज़मानती पेश करेगी. जून 2025 में, सोनम को चार अन्य सह-आरोपियों के साथ जिनमें उसका कथित प्रेमी राज कुशवाहा, आकाश राजपूत, आनंद कुर्मी और विशाल सिंह चौहान शामिल थे.
अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया गया. 6 सितंबर, 2025 को, मेघालय पुलिस ने सोहरा स्थित न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी के समक्ष आरोपियों के खिलाफ 790 पृष्ठों की चार्जशीट दायर की, जिसमें BNS की विभिन्न धाराओं के तहत उन पर आरोप तय किए गए.
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