पिछले सप्ताह बाजार में आई तेज गिरावट के बाद अब निवेशकों की निगाह अगले सप्ताह आने वाले घरेलू और वैश्विक संकेतों पर टिकी है. इनमें अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक के मिनट्स, भारतीय रिजर्व बैंक के संकेत, आईटी सेक्टर...
केंद्र सरकार ने Startup India Fund of Funds 2.0 के तहत 10,000 करोड़ रुपये के फंड को मंजूरी दी है. इस योजना का उद्देश्य स्टार्टअप्स को पूंजी, नवाचार और रोजगार सृजन में मदद देकर भारत को वैश्विक स्टार्टअप हब बनाना है.
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार भारत का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर तेजी से मजबूत हो रहा है. GVA ग्रोथ 9% के पार पहुंच चुकी है और उच्च तकनीक उद्योगों का योगदान बढ़ा है. इससे भारत की वैश्विक औद्योगिक प्रतिस्पर्धा और आर्थिक विकास को मजबूती मिली है.
SBI चेयरमैन के मुताबिक Budget 2026-27 भारत को इनोवेशन और एडवांस मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल हब बनाने की दिशा में अहम कदम है, जिसमें इंफ्रा और सनराइज सेक्टर पर जोर है.
Morgan Stanley के मुताबिक Budget 2026-27 में कैपेक्स, सेवा क्षेत्र और AI को बढ़ावा मिलने से ग्रोथ और कॉरपोरेट कमाई को सपोर्ट मिलेगा. ब्रोकरेज भारतीय बाजार पर पॉजिटिव है.
केंद्रीय बजट 2026 में सरकार का कुल खर्च 53.5 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है. पूंजीगत व्यय में 15% बढ़ोतरी और राजकोषीय घाटा जीडीपी का करीब 4.2% रहने का अनुमान है.
Budget 2026-27 में सरकार का जोर सुधारों और राजकोषीय अनुशासन पर रहने की उम्मीद है. HSBC की रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2026 में राजकोषीय घाटा जीडीपी के 4.4 प्रतिशत और FY27 में 4.2 प्रतिशत रह सकता है.
भारत का स्टार्टअप इंडिया प्रोग्राम अपने दस साल पूरे करने जा रहा है. इस मौके पर एक भव्य आयोजन किया गया, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी भी रही. आइए जानते हैं उन भारतीय स्टार्टअप कंपनियों के बारे में,...
HSBC की नई रिपोर्ट के अनुसार भारत इस समय गोल्डीलॉक्स फेज में है, जहां विकास और महंगाई का संतुलन बना हुआ है. 2026 में ब्याज दरें आसान और सरकारी खर्च नियंत्रित रह सकता है.
SBI रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार FY15 से FY25 के बीच भारतीय बैंकों की जमा और कर्ज लगभग तीन गुना हो गए हैं, जिससे बैंकिंग सिस्टम की मजबूती साफ दिखाई देती है.