केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मेक इन इंडिया पहल से महिलाओं को बड़े पैमाने पर रोजगार मिल रहा है. भारत की आईफोन फैक्ट्रियों में एक लाख से ज्यादा महिलाएं काम कर रही हैं.
Qualcomm और Tata Electronics असम के जागीरोड में ऑटोमोटिव चिप मॉड्यूल का निर्माण करेंगे. 3 अरब डॉलर की OSAT सुविधा से भारत स्मार्ट व्हीकल टेक्नोलॉजी और सेमीकंडक्टर निर्माण में वैश्विक केंद्र बनने की दिशा में बड़ा कदम उठाएगा.
PLI स्कीम के तहत देश में 2.16 लाख करोड़ रुपए का निवेश और 14.39 लाख से अधिक रोजगार सृजित हुए हैं. मोबाइल, आईटी हार्डवेयर, दवा और टेलीकॉम उत्पादन में तेजी आई है, जिससे भारत वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में उभर रहा है.
केंद्रीय बजट 2026-27 में MSME सेक्टर को मजबूत बनाने के लिए 10,000 करोड़ रुपये के ग्रोथ फंड समेत कई वित्तीय और नीतिगत कदमों की घोषणा की गई है, जिससे छोटे उद्योगों को बड़ा सहारा मिलेगा.
केंद्र सरकार ने Startup India Fund of Funds 2.0 के तहत 10,000 करोड़ रुपये के फंड को मंजूरी दी है. इस योजना का उद्देश्य स्टार्टअप्स को पूंजी, नवाचार और रोजगार सृजन में मदद देकर भारत को वैश्विक स्टार्टअप हब बनाना है.
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार भारत का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर तेजी से मजबूत हो रहा है. GVA ग्रोथ 9% के पार पहुंच चुकी है और उच्च तकनीक उद्योगों का योगदान बढ़ा है. इससे भारत की वैश्विक औद्योगिक प्रतिस्पर्धा और आर्थिक विकास को मजबूती मिली है.
India-France Rafale Deal : फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की दिल्ली यात्रा से पहले, भारत और फ्रांस में राफेल फाइटर जेट की मेगा-डील को लेकर गुडन्यूज सामने आई है. बता दें कि गुरुवार को भारतीय वायुसेना के लिए रक्षा मंत्रालय...
साल 2025 में भारी उद्योग मंत्रालय (MHI) ने देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए अहम कदम उठाए हैं. ऑटोमोबाइल सेक्टर के लिए लागू की गई प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) स्कीम में हुए रिकॉर्ड निवेश और प्रधानमंत्री...
भारत का इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर सेक्टर अब केवल योजनाओं तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इस क्षेत्र में वास्तविक काम और प्रगति भी देखने को मिल रही है. साल 2025 में इस उद्योग ने कई नए रिकॉर्ड स्थापित किए हैं...