ईरान वार्ता पर व्हाइट हाउस का बड़ा बयान, समझौते को लेकर जताया भरोसा

Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

अमेरिका और ईरान के बीच जारी कूटनीतिक प्रयासों को लेकर व्हाइट हाउस ने बड़ा बयान दिया है. प्रशासन के अनुसार दोनों देशों के बीच बातचीत जारी है, हालांकि क्षेत्रीय तनाव खासकर होरमुज़ जलडमरूमध्य को लेकर स्थिति अब भी संवेदनशील बनी हुई है, जो वार्ता की दिशा और गति को प्रभावित कर सकती है. व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलीन लेविट ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि अमेरिका इस प्रक्रिया में सक्रिय रूप से शामिल है.

उन्होंने उन खबरों का भी खंडन किया जिनमें दावा किया गया था कि वॉशिंगटन ने मौजूदा युद्धविराम को बढ़ाने के लिए औपचारिक अनुरोध किया है. उन्होंने स्पष्ट कहा, “इस समय हम इन वार्ताओं में पूरी तरह से शामिल हैं”, और यह भी जोड़ा कि बातचीत “सार्थक और जारी” है.

कई स्तरों पर जारी संवाद, आमने-सामने बैठक पर भी विचार

लेविट ने जानकारी दी कि ईरान के साथ कई स्तरों पर बातचीत चल रही है और आमने-सामने बैठकों की संभावना पर भी विचार किया जा रहा है. हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी तक किसी भी बैठक को लेकर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है.

उन्होंने कहा, “मैंने आमने-सामने बातचीत की संभावना को लेकर कुछ खबरें भी देखी हैं. इस पर चर्चा हो रही है लेकिन जब तक व्हाइट हाउस से आधिकारिक घोषणा नहीं होती, तब तक कुछ भी तय नहीं माना जाएगा.”

पाकिस्तान की भूमिका पर भी बयान

मध्यस्थता के मुद्दे पर बोलते हुए लेविट ने कहा, “इस पूरी प्रक्रिया में पाकिस्तान एक बेहतरीन मध्यस्थ रहा है,” और आगे जोड़ा, “इसी वार्ता में वही एकमात्र मध्यस्थ है.” उन्होंने यह भी बताया कि कई अन्य देशों ने भी बातचीत को आगे बढ़ाने में रुचि दिखाई है, लेकिन अमेरिका फिलहाल इस्लामाबाद के जरिए एक व्यवस्थित और नियंत्रित वार्ता प्रक्रिया बनाए रखना चाहता है.

अगली बैठक और समझौते को लेकर संकेत

लेविट ने संकेत दिया कि यदि अगला दौर तय होता है, तो उसकी बैठक संभवतः पहले की तरह उसी स्थान पर आयोजित की जा सकती है. व्हाइट हाउस ने वार्ता को लेकर सतर्क आशावाद जताते हुए कहा, “हम समझौते की संभावनाओं को लेकर अच्छा महसूस कर रहे हैं.” हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि प्रशासन किसी भी तरह की समय-सीमा तय नहीं कर रहा है. उन्होंने कहा, “मैं कभी भी अमेरिका के राष्ट्रपति की ओर से समय-सीमा निर्धारित नहीं करूंगी.”

ट्रंप का रुख और सीमाएं स्पष्ट

लेविट ने बताया कि डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी बातचीत की स्थिति पहले ही स्पष्ट कर दी है. उन्होंने कहा, “उन्होंने इन वार्ताओं में अपनी सीमाएं दूसरी ओर के सामने साफ कर दी हैं.”

होरमुज़ जलडमरूमध्य पर अमेरिकी रणनीति

क्षेत्र में समुद्री गतिविधियों को लेकर भी व्हाइट हाउस ने अपनी स्थिति स्पष्ट की है. प्रशासन के अनुसार, जहां ईरान से जुड़े जहाजों पर नाकेबंदी लागू है, वहीं अन्य देशों के जहाजों के लिए आवाजाही की स्वतंत्रता सुनिश्चित की जा रही है.

लेविट ने कहा, “क्षेत्र में हमारी अमेरिकी सेनाएं उन जहाजों की आवाजाही की स्वतंत्रता का समर्थन कर रही हैं जो गैर-ईरानी बंदरगाहों से होरमुज़ जलडमरूमध्य के जरिए आ-जा रहे हैं.” उन्होंने आगे स्पष्ट किया, “यह कार्रवाई उन सभी देशों के जहाजों पर लागू होती है जो ईरानी बंदरगाहों में प्रवेश कर रहे हैं या वहां से निकल रहे हैं.”

Latest News

गर्मी में इलायची का दूध पीने के होते है जबरदस्त फायदे, जानिए शरीर पर क्या होता है असर

Cardamom milk benefit: गर्मियों के मौसम में चिलचिलाती धूप और गर्म हवाएं अक्सर हमारे शरीर की ऊर्जा सोख लेती...

More Articles Like This