Sydney: ऑस्ट्रेलिया सरकार ने मध्य अफ्रीका में फैले इबोला प्रकोप से निपटने और बीमारी को आगे फैलने से रोकने के लिए 50 लाख ऑस्ट्रेलियाई डॉलर (करीब 36 लाख अमेरिकी डॉलर) की सहायता देने का ऐलान किया है. गुरुवार को वैश्विक प्रयासों में आर्थिक मदद देने की घोषणा की. विदेश मंत्री पेनी वोंग और अंतरराष्ट्रीय विकास मंत्री ऐन एली ने एक संयुक्त बयान में कहा कि ऑस्ट्रेलिया की यह मदद इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ रेड क्रॉस और विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के माध्यम से दी जाएगी.
बीमारी की निगरानी और तैयारी मजबूत
इससे जरूरी चिकित्सा सेवाएं और दवाइयां उपलब्ध कराई जाएंगी, स्वच्छ पानी और सफाई से जुड़ी सेवाओं को बेहतर बनाया जाएगा. बीमारी की निगरानी और तैयारी को मजबूत किया जाएगा और स्थानीय स्वास्थ्य व्यवस्था को भी सशक्त किया जाएगा. डब्ल्यूएचओ के अनुसार डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में चल रहे इबोला प्रकोप के दौरान अब तक 344 मामलों की पुष्टि हुई है और 60 लोगों की मौत हो चुकी है.
15 मामले और एक व्यक्ति की मौत
वहीं युगांडा में 15 मामले सामने आए हैं और एक व्यक्ति की मौत हुई है. डब्ल्यूएचओ ने बुधवार को जिनेवा में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बेहतर समन्वय और लगातार प्रयासों की वजह से डीआरसी में इबोला प्रकोप से निपटने की स्थिति अब धीरे-धीरे सुधर रही है. डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक टेड्रोस अधानोम घेब्रेयेसस, जो हाल ही में डीआरसी के दौरे से लौटे हैं ने कहा कि वहां लोगों और संस्थाओं की प्रतिबद्धता देखकर उन्हें काफी हौसला मिला है. उन्होंने कहा कि जो मैंने वहां देखा, उससे मुझे उम्मीद मिली है. हालांकि अभी भी कई चुनौतियां बाकी हैं.
344 मामलों की पुष्टि
टेड्रोस ने बताया कि डीआरसी में 344 मामलों की पुष्टि हो चुकी है, जिनमें 60 लोगों की मौत हुई है. ये मामले तीन प्रांतों के 24 स्वास्थ्य क्षेत्रों में फैले हुए हैं. उन्होंने यह भी कहा कि संदिग्ध मामलों की संख्या पिछले सप्ताह 1,000 से ज्यादा थी, जो अब घटकर 116 रह गई है.

