सिख ऑफ अमेरिका के संस्थापक ने खालिस्तान समर्थकों की जमकर लगाई क्लास, कनाडा के पूर्व पीएम को लेकर भी कही ये बात

Must Read

Canada: सिख ऑफ अमेरिका के संस्थापक और अध्यक्ष जसदीप सिंह जेसी ने खालिस्तान समर्थकों को लताड़ा है. इस दौरान उन्होंने कनाडा के पूर्व पीएम जस्टिन ट्रूडो को सबसे कमजोर प्रधानमंत्री बताया है. ऐसे में उनका कहना है कि ट्रूडो के कार्यकाल के दौरान खालिस्तानी समर्थन बढ़ा. जोकि नए पीएम मार्क कार्नी के नेतृत्व में कम हो जाएगा.

जानकारी के मुताबिक, उन्होंने कनाडा के पूर्व मंत्री को कमजोर कहते हुए कहा कि मुझे लगता है कि मार्क कार्नी के प्रधानमंत्री बनने के बाद और खालिस्तानी प्रभाव जो हमने अतीत में देखा था, अब ऐसा नहीं होता. इतना ही वही बल्कि उन्‍होंने उनकी तुलना उनके पिता से की और उन दोनों का कमजोर बताया और उन्‍होंने ये भी कहा कि उनके पास भारत के खिलाफ एक एजेंडा था, जो खत्म हो गया है­.

भारत को बताया एक मजबूत राष्ट्र

जानकारी के मुताबिक, जेसी ने पीएम मोदी को कनाडा द्वारा शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए दिए गए निमंत्रण का स्वागत किया और इसे भारत-कनाडा संबंधों का सकारात्मक विकास बताया. इस दौरान उन्होंने पीएम मोदी को आमंत्रित करते हुए कार्नी की सराहना की और कहा कि यह दोनों देशों के लिए एक नई शुरुआत है. ऐसे में जेसी का कहना है कि पीएम मोदी को आमंत्रित करने का कनाडा का निर्णय बहुत अच्छा है. उन्‍होंने देश की सराहना करते हुए भारत को एक बहुत मजबूत राष्ट्र बताया.

ट्रंप के आने के बाद यह सब बंद हुआ

वहीं कार्नी ने खालिस्तानी आंदोलन के नाम पर दुष्ट तत्व हर तरह का अवैध व्यापार करने को बताया.  इस दौरान जब सभी युवा जो डंकी मार्ग से इन विदेशी देशों में आ रहे थे तो उन्हें गुरपतवंत सिंह पन्नू जैसे तथाकथित खालिस्तानी नेताओं द्वारा पीड़ित किया जा रहा था. बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के आने के बाद  यह सब कुछ बंद हो गया है और इन सभी झूठे आव्रजन मामलों की जांच होने लगी.

खालिस्तानियों को नहीं मानते सिख

इस दौरान सिख ऑफ अमेरिका के संस्थापक का कहना है कि हम सिख धर्म के सिद्धांतों के खिलाफ काम करने वाले खालिस्तानियों को सिख नहीं मानते. इसलिए उनका प्रतिशत बहुत कम है  और मुझे नहीं लगता कि इस नई सरकार पर उनका कोई प्रभाव है.

सिख हमेशा से भारत के लिए रहे हैं और हिंदू हमारे भाई हैं

जानकारी के मुताबिक, जेसी का कहना है कि हम किसी भी धर्म की हिंसा करने वाले की निंदा करते हैं. उनका मानना है कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में कुछ भी गलत नहीं है लेकिन हिंदू मंदिरों-पूजा स्थलों में, गलत थीं. उन्‍होंने कहा कि पूजा स्थल पर हमला करना सिख सिद्धांतों के खिलाफ है. उन्‍होंने साफ शब्‍दों में स्‍पष्‍ट करते हुए कहा कि सिख हमेशा से भारत के लिए रहे हैं और हिंदू हमारे भाई हैं और हम सभी धर्मों को महत्व देते हैं और उनका सम्मान करते हैं. इस दौरान भारतीय समुदाय को एकजुट रहना होगा और हमें यहां विभाजनकारी नहीं बनना है.

 

Latest News

Mobile Manufacturing Scheme: ₹62,500 करोड़ की नई स्कीम को मंजूरी, भारत बनेगा मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल हब

केंद्रीय कैबिनेट ने ₹62,500 करोड़ की मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग स्कीम (MPMS) को मंजूरी दे दी है. यह योजना 2026-27 से 2030-31 तक लागू रहेगी और मोबाइल उत्पादन, निर्यात, घरेलू विनिर्माण तथा रोजगार सृजन को बढ़ावा देने पर केंद्रित होगी.

More Articles Like This