पूरी दुनिया में भारत की धाक, CDRI से जुड़े अमेरिका-ब्रिटेन समेत 43 देश

Aarti Kushwaha
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

India Disaster Management Power: आपदा प्रतिरोधी अवसंरचना गठबंधन (CDRI) एक आपदा रोधी इंफ्रास्ट्रक्चर गठबंधन राष्ट्रीय सरकारों, संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों और कार्यक्रमों, बहुपक्षीय विकास बैंको और वित्तपोषण तंत्रों, निजी क्षेत्रों और शौक्षणिक और ज्ञान संस्थानों की एक बहु हितधारक वैश्विक साझेदारी है, जो इंफ्रास्ट्रक्चर प्रणालियों और इसके साथ जुड़े विकास में लचीलापन बनाने की चुनौतियों का समाधान करता है.

सीडीआरआई एक ऐसा संस्‍थान है, जो भारत द्वारा निर्मित किया गया है और इसे पूरी दुनिया ने स्वीकार किया है. ऐसे में ही हाल ही में पीएम मोदी ने एक सम्‍मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि भारत अब ‘इंडिया फर्स्ट’ नीति के तहत काम कर रहा है.

सभी देशों के साथ मजबूत संबंध बना रहा भारत  

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत अब सभी देशों से समान और मजबूत संबंध बना रहा है. साथ ही उन्‍होंने आपदा प्रबंधन में भारत के योगदान को रेखांकित करते हुए आपदा प्रतिरोधी अवसंरचना गठबंधन (सीडीआरआई) और ‘अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन’ (आईएसए) जैसी पहल का जिक्र किया.

सीडीआरआई की जरूरत क्यों?

दरअसल, वर्तमान में इंफ्रास्ट्रक्चर आर्थिक विकास का बड़ा योगदानकर्ता है. ग्लोबल इंफ्रास्ट्रक्चर हब के अनुसार, साल 2016 से 2040 के बीच इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश के लिए हर साल यूएस $3.7 ट्रिलियन की जरूरत होगी. ऐसे में इन इंफ्रास्ट्रक्चर का एक बड़ा हिस्‍सा जरूरी रूप से प्राकृतिक खतरों के संपर्क में आ जाएगा.

क्‍या है सीडीआरआई का उद्देश्‍य?

इस दौरान तेजी से बढ़ती वैश्विक आबादी की बढ़ती मांगों और अप्रत्याशित जोखिम पैटर्न के साथ मौजूद इंफ्रास्ट्रक्चर पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा. ऐसे में खतरनाक क्षेत्रों में इसके जरिए नया इंफ्रास्ट्रक्चर बनाया जाएगा. अर्थात सीडीआरआई एक वैश्विक भागीदारी है, जिसका उद्देश्य जलवायु और आपदा जोखिमों के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर प्रणालियों को मजबूती से बढ़ावा देना, जिससे सतत विकास सुनिश्चित हो सके.

कौन कौन से देश इसके सदस्य हैं

बता दें कि साल 2017 में भारतीय प्रधानमंत्री मोदी ने जी-20 की बैठक में सीडीआरआई के गठबंधन का प्रस्ताव रखा था. उनका कहना था कि आपदा के वक्त तुरंत एक्शन न होने की वजह से कई देशों में लोग परेशान होते हैं. वहीं, कई बार संकट और अधिक बढ़ जाता है, जिससे निपटने के लिए एक फोरम की आवश्‍यकता होती है.

ऐसे में पीएम मोदी के इस प्रस्‍ताव को साल 2023 में स्वीकार कर लिया गया. और वर्तमान में सीडीआरआई में 43 देश शामिल हैं. दरअसल, यह संगठन यूनाइटेड नेशन के अधीन काम कर रहा है. सीडीआरआई में अमेरिका, ब्रिटेन और जर्मनी जैसे प्रमुख देश भी शामिल है.

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