सूडान के नील नदी में पलटी नाव, 15 लोगों की मौत; कई लोग लापता

Aarti Kushwaha
Aarti Kushwaha
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Aarti Kushwaha
Aarti Kushwaha
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

Sudan Boat Accident: उत्तरी सूडान में नील नदी प्रांत में नाव तैबा अल-खवाद और देइम अल-कराई गांवों के बीच से गुजर रही एक नाव के पलटने से 15 लोगों की मौत हो गई. सूडान के नागरिक सुरक्षा प्राधिकरण से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, जब ये घटना हुई तक नाव में करीब 27 यात्री सवार थे, जिनमें महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे भी शामिल थे.

सूत्रों के मुताबिक, नाव ऊंची लहरों की वजह से पलट गई. इसकी सूचना मिलने के बाद नागरिक सुरक्षा यूनिट टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी थी. ऐसे में सभी के शवों को बाहर निकाला गया. इस घटना के बाद चार अन्य लोग लापता हो गए, जबकि 8 लोगों की जान बचाई जा सकी.

इसी बीच, संगठन ‘सूडान डॉक्टर्स नेटवर्क’ ने एक बयान में हादसे की पुष्टि की, जिसमें बताया गया कि 15 से अधिक शवों को निकाला गया है, जबकि स्थानीय लोग और सिविल डिफेंस फोर्स बाकी लापता यात्रियों की तलाश जारी रखे हुए हैं.

संगठन ने उठाए सवाल

संगठन ने नदी ट्रांसपोर्ट की कमजोरी और बेसिक सेफ्टी स्टैंडर्ड की कमी पर सवाल उठाए. इसके साथ ही, संबंधित अधिकारियों से खास रेस्क्यू टीम और तलाशी व रिकवरी उपकरण लगाकर तेजी से काम करने की अपील की. ​​इसने नदी ट्रांसपोर्ट सेफ्टी को मजबूत करने और ऐसे ही हादसों को रोकने के लिए तुरंत कदम उठाने की भी मांग की.

सूडान में नाव से जुड़े हादसे आमबात  

सूडान में अक्सर पारंपरिक नावों से जुड़े हादसे होते हैं, जिनका इस्तेमाल नील नदी को पार करने के लिए किया जाता है, क्योंकि इसके दोनों किनारों को जोड़ने वाले पुल कम हैं, खासकर गांवों और ग्रामीण इलाकों में. सिविल डिफेंस अधिकारियों ने खासकर बाढ़ के मौसम में लकड़ी की बनी मामूली नावों में यात्रा करने के खतरों के बारे में चेतावनी दी है, ताकि डूबने के हादसों को रोका जा सके.

इसे भी पढें:-अमेरिका को ईरान की सत्ता बदलने में दिलचस्पी नहीं, जेडी वेंस बोले- जनता चाहे तो हटाए सरकार

Latest News

पंडित नेहरू चीन के साथ क्यों चाहते थे पंचशील समझौता? CDS अनिल चौहान ने बताई वजह

CDS Anil Chauhan : भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान ने भारत-चीन संबंध को लेकर...

More Articles Like This