US attack on Iran: मिडिल ईस्ट में सीजफायर टूट चुका है और अमेरिका-ईरान की जंग फिर से हिंसा की वही कहानी दोहराई जा रही है. दोनो देशो के बीच हमले पहले की ही तरह चरम पर पहुंच गई है. इसी बीच अमेरिका ने एक बार फिर ईरान पर नए हमले किए है. ईरान की सरकारी मीडिया IRNA के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिमी ईरान के खुजेस्तान में महशहर काउंटी के एक वॉटर पंपिंग स्टेशन पर एक मिसाइल गिरने से एक सिक्योरिटी गार्ड की मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग घायल हो गए हैं. वहीं अमेरिका का कहना है कि ईरानी सेना ने हॉर्मुज से गुजर रहे व्यापारिक जहाजों पर हमला किया था, जिसका ये जवाब है.
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने बताया कि ईरान के खुजेस्तान प्रांत के शहरों खोर्रमशहर और होवेजेह में भी धमाकों की आवाजें सुनी गईं. रिपोर्ट के अनुसार, 24 घंटे के अंदर ईरानी ठिकानों पर अमेरिकी हमलों की यह तीसरी बड़ी लहर थी. एक सीनियर अमेरिकी अधिकारी के मुताबिक, इस बार हमले हॉर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास और ईरान के समुद्री तट वाले इलाकों पर किए गए हैं, जिससे दोनों देशों के बीच पहले से ही कमजोर सीजफायर पर और ज्यादा दबाव पड़ गया.
ईरान की क्षमता कमजोर करना मकसदः अमेरिका
अमेरिकी सेंट्रल कमांड यानी सेंटकॉम ने एक पोस्ट में कहा कि “आज अमेरिकी समय के अनुसार शाम 5 बजे, अमेरिकी सेंट्रल कमांड की सेना ने ईरान पर फिर से हमले शुरू किए, जिसका मकसद ईरान की उस क्षमता को और कमजोर करना है, जिससे वह हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे आम नाविकों और व्यापारिक जहाजों पर हमला कर सके.”
सेंटकॉम ने आगे कहा कि “अमेरिका के राष्ट्रपति ने आदेश दिया है कि इन हमलों के जरिए ईरानी सेना को उसके कामों के लिए जवाबदेह ठहराया जाए.” दरअसल, अमेरिकी सेना का दावा है कि ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इस जलमार्ग से गुजर रहे आम नागरिकों के जहाजों पर हमला किया है. इसी बीच, कैप्टन टिम हॉकिन्स ने कहा कि अमेरिकी लड़ाकू विमानों ने ईरान की एक क्रूज मिसाइल और एक एक तरफा हमला करने वाले ड्रोन को मार गिराया है. उन्होंने कहा कि “हम ईरान को उसके कामों के लिए जवाबदेह ठहरा रहे हैं.”
ईरान में गिर रहीं अमेरिकी मिसाइलें
वहीं, इससे पहले रविवार को भी अमेरिका ने ईरान की मिसाइल और एयर डिफेंस सिस्टम के साथ-साथ हॉर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास मौजूद IRGC की छोटी नौकाओं पर हमले किए थे. रातभर में अमेरिकी सेना ने ईरान के करीब 140 सैन्य ठिकानों पर हमला किया. पिछले तीन दिनों में निशाना बनाए गए ईरानी सैन्य ठिकानों की कुल संख्या 300 से ज्यादा हो गई है.