New Delhi: मशहूर एनीमे सीरीज डोरेमोन के दिग्गज निर्देशक शिबायामा त्सुतोमु का 84 वर्ष की उम्र में निधन हो गया है. वह लंबे समय से फेफड़ों के कैंसर से जूझ रहे थे. शिबायामा का निधन 6 मार्च को हुआ था, लेकिन परिवार की इच्छा के चलते इस खबर को सार्वजनिक करने में देरी की गई. शिबायामा त्सुतोमु का नाम ‘डोरेमोन’ से लगभग दो दशकों तक गहराई से जुड़ा रहा.
लोकप्रिय सीरीज़ को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया
शिबायामा त्सुतोमु ने 1979 में इस लोकप्रिय सीरीज़ के निर्देशन की कमान संभाली और इसे नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया. शिबायामा त्सुतोमु के निर्देशन में ‘डोरेमोन’ सिर्फ जापान ही नहीं, बल्कि दुनियाभर में बच्चों और बड़ों के दिलों में खास जगह बनाने में कामयाब रहा. शिबायामा त्सुतोमु का करियर 1963 में तोई एनिमेशन के साथ शुरू हुआ था.
22 फीचर फिल्मों का निर्देशन
शिबायामा बाद में शिन-ई एनिमेशम से जुड़े और यहीं से उन्होंने ‘डोरेमोन’ जैसे आइकॉनिक प्रोजेक्ट्स पर काम किया. उन्होंने इस फ्रेंचाइज़ी पर आधारित 22 फीचर फिल्मों का निर्देशन भी किया, जो आज भी दर्शकों के बीच लोकप्रिय हैं. ‘डोरेमोन’ के अलावा शिबायामा ने चिबी मारुको चैन, लुपिन III और माजीमे नी फुमाजीमे काइकेट्सू जोरोरी जैसे कई लोकप्रिय प्रोजेक्ट्स में भी अपना योगदान दिया.
बेहद निजी तरीके से किया गया अंतिम संस्कार
वे अजिया-डो एनीमेशन वर्क्स के को-फाउंडर भी थे, जिसकी स्थापना उन्होंने 1978 में अपने सहयोगियों के साथ की थी. स्टूडियो के मुताबिक, शिबायामा त्सुतोमु का अंतिम संस्कार बेहद निजी तरीके से किया गया. शिबायामा त्सुतोमु के परिवार की इच्छा के चलते इस खबर को कुछ समय तक सार्वजनिक नहीं किया गया. हालांकि, स्टूडियो ने जल्द ही उनके सम्मान में एक मेमोरियल इवेंट आयोजित करने की बात कही है.
लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित
शिबायामा त्सुतोमु को जापान में ‘नेशनल एनीमेशन के पिता’ के रूप में भी जाना जाता था. साल 2012 में शिबायामा त्सुतोमु को जापान की कल्चरल अफेयर्स एजेंसी द्वारा लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था. शिबायामा त्सुतोमु का योगदान एनीमेशन की दुनिया में हमेशा याद रखा जाएगा और आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा.
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