India Bangladesh Border Dispute: बांग्लादेश ने भारतीय सीमा सुरक्षा बल (BSF) पर जॉयपुरहाट सदर उपजिला के पश्चिम रामकृष्णपुर बॉर्डर से दो महिलाओं समेत तीन लोगों को बांग्लादेश में धकेलने की कोशिश का आरोप लगाया है. हालांकि स्थानीय निवासियों और बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (BGB) की सतर्कता के कारण यह कोशिश नाकाम कर दी गई. डेली स्टान के मुताबिक यह जानकारी जॉयपुरहाट के भुटियापारा BOP के कैंप कमांडर नायब सूबेदार शम्सुज्जमां द्वारा दी गई है.
द डेली स्टार के मुताबिक, फिलहाल ये तीनों लोग बॉर्डर की जीरो लाइन पर फंसे हुए हैं. स्थानीय लोगों और BGB सूत्रों के हवाले से बताया जा रहा है कि शनिवार सुबह करीब 4:00 बजे BSF के जवानों ने सुबह-सुबह बॉर्डर पर लगी लाइट बंद कर दी और एक बुजुर्ग व्यक्ति और दो महिलाओं को बांग्लादेश की ओर धकेलने की कोशिश की.
बांग्लादेशी घुसपैठियों पर भारत का बड़ा एक्शन
बता दें कि बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ भारत ने सख्त रूख अपनाया है. अब तक कई हजार अवैध नागरिकों को सीमा के पार भेजा जा चुका है. इसके बाद बांग्लादेशी बॉर्डर गार्ड ने भारी संख्या में अपने जवानों को सीमावर्ती क्षेत्र में तैनात कर दिया है और स्थानीय नागरिकों को भी सीमा पर नजर रखने के लिए कहा गया है.
डेली स्टार के मुताबिक, नायब सूबेदार शम्सुज्जमां ने कहा कि ‘BSF ने तीन लोगों को अंदर धकेलने की कोशिश की. स्थानीय लोगों की मदद से हमने उस कोशिश को नाकाम कर दिया.’ रिपोर्ट के मुताबिक, BGB और BSF के बीच इस मामले को लेकर दो बार फ्लैग मीटिंग की गई है लेकिन इस घटना को लेकर कोई समाधान नहीं निकल पाया है.
अवैध नागरिकों पर भारत में सख्ती
रिपोर्ट के अनुसार, सरकारी अनुमान है कि भारत में कम से कम 2 करोड़ से ज्यादा बांग्लादेशी नागरिक अवैध तरीके से रह रहे हैं. हालांकि इसका कोई आधिकारिक आंकड़ा नहीं है. वहीं, हालिया कार्रवाइयों में पश्चिम बंगाल से करीब 5,000 अवैध बांग्लादेशियों को डिपोर्ट किया गया है. इसके अलावा हाल ही में भारत ने बांग्लादेश सरकार के साथ 2,680 संदिग्ध घुसपैठियों की सूची साझा की है ताकि उनकी पहचान कर उन्हें वापस भेजा जा सके.

