Kedarnath Yatra: भक्तों के लिए कुशखबरी है. केदारनाथ यात्रा की शुरुआत 22 अप्रैल 2026, को सुबह 8 बजे कपाट खुलने के साथ शुरू हो रही है. अब केदारनाथ मंदिर परिसर के अंदर मोबाइल फोन का उपयोग पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया गया है. यह फैसला मंदिर की पवित्रता और श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है. मंदिर परिसर के अंदर मोबाइल फोन ले जाना, फोटो या वीडियो लेना और रील रिकॉर्ड करना सख्त मना है. मंदिर समिति के सदस्य विनीत पोस्टी ने बताया कि इन नियमों का उल्लंघन करने वाले श्रद्धालु के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
खुल गए हैं गंगोत्री धाम के कपाट
उत्तराखंड के उत्तरकाशी में स्थित पवित्र गंगोत्री धाम अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर 19 अप्रैल को श्रद्धालुओं के लिए खुल गया है. कपाट के खुलते ही भारत और विश्वभर से बड़ी संख्या में तीर्थयात्री माता गंगा का आशीर्वाद लेने के लिए उमड़ पड़े. गंगोत्री धाम के पुजारी अशोक सेमवाल ने बताया, “गंगोत्री धाम के द्वार खुले हुए आज तीसरा दिन है. सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई. पूरी घाटी ‘हर हर गंगे’ और ‘जय मां गंगा’ के शक्तिशाली जयकारों से गूंज रही है.”
सात लाख से अधिक लोगों ने कराया है रजिस्ट्रेशन
इस वर्ष केदारनाथ यात्रा कई मायनों में खास और चुनौतीपूर्ण भी है, क्योंकि भारी बर्फबारी के बाद रास्ते में खड़े विशाल ग्लेशियरों को काटकर रास्ता बनाया गया है. इस बार केदारनाथ धाम के लिए सात लाख से ज्यादा लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया है. यात्रियों की इस संख्या को देखते हुए प्रशासन ने चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं. यात्रा मार्ग के हर पड़ाव पर मेडिकल कैंप लगाए गए हैं और डॉक्टरों की टीमें तैनात की गई हैं, ताकि ऊंचाई पर तबीयत बिगड़ने वाले यात्रियों को तत्काल इलाज मिल सके.