Ketu Astro Remedies: ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक हमारे जीवन में हर ग्रह का कुछ न कुछ प्रभाव पड़ता है. इन्हीं में से एक है केतु. इस ग्रह को बेहद रहस्मयी ग्रह माना जाता है, इसे छाया ग्रह के नाम से भी जाना जाता है. केतु जब कुंडली में कमजोर होकर दोष उत्पन्न करता है तो अक्सर व्यक्ति तमाम तरह के भ्रम और भय से घिरा रहता है. कुंडली के केतु दोष के कारण व्यक्ति की आर्थिक स्थिति कमजोर हो जाती है और वह धन की कमी से जूझने लगता है.
इतना ही नहीं, केतु से प्रभावित व्यक्ति को अचानक से अपनी नौकरी में बदलाव या छोड़ने जैसे विचार आने लगते हैं. यदि आपके जीवन में भी केतु कष्टों का कारण बन रहा है और आपको केतु दोष के कारण चोट-चपेट, कोर्ट-कचहरी के मामले आदि झेलने पड़ रहे हैं तो आप कुछ उपायो को करके राहत पा सकते है, तो चलिए जानते है उन उपायो के बारे में.
गणपति की पूजा
यदि आपकी कुंडली में भी केतु आपके कष्टों का बड़ा कारण बन रहा है तो आपको प्रतिदिन विघ्नविनाशक भगवान श्री गणेश जी को दूर्वा की गांठ अर्पित करके पूजा करनी चाहिए. केतु से होने दिक्कतों को दूर करने के लिए व्यक्ति को प्रतिदिन पूजा में गणपति के मंत्र ‘ॐ गं गणपतये नमः’मंत्र का जप या फिर गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ करना चाहिए.
देवी दुर्गा की पूजा
हिंदू मान्यता के अनुसार भ्रम भय और तमाम बाधाओं को दूर करने के लिए देवी दुर्गा की उपासना अत्यंत ही फलदायी मानी गई है. यही वजह है कि भगवान गणेश की तरह देवी दुर्गा की साधना भी केतु के कष्टों से मुक्ति दिलाने वाली मानी गई है. केतु के कष्टो से बचने के लिए व्यक्ति को देवी दुर्गा की पूजा में दुर्गा सप्तशती का पाठ करना चाहिए.
भगवान भैरव की पूजा
ज्योतिष के अनुसार, केतु के कष्टों से बचने के लिए भगवान गणेश की तरह भगवान काल भैरव की पूजा भी अत्यधिक फलदायी मानी गई है. ऐसे में केतु की पीड़ा को दूर करने के लिए व्यक्ति को भगवान भैरव की मंगलवार और रविवार के दिन विधि-विधान से पूजा करते हुए सरसों के तेल का दीपक जलाना चाहिए. साथ ही साथ काले कुत्ते को मीठी रोटी या बिस्कुट खिलाएं.

