कुलगुरु वशिष्ठ मुनि के मार्गदर्शन में श्रीराम व भगवती सीता ने हवनकर्म विधिपूर्वक किये संपन्न: दिव्य मोरारी बापू 

Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Must Read
Shivam
Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
Puskar/Rajasthan: परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा, श्रीराम राज्याभिषेक का उत्सव केवल अयोध्या के लोगों के बीच ही रहा हो, ऐसा नहीं है अपितु सारी सृष्टि उत्सवमयी हो गयी है। वैदिकों का शुभागमन हुआ है। अयोध्या के सौंदर्य में हजार गुना वृद्धि हुई है।गुरुदेव की आज्ञा लेकर श्रीरामचंद्र ने मंगल स्नान किया। उन पर विभिन्न संस्कारों का आरम्भ हुआ।
कुलगुरु वशिष्ठ मुनि के मार्गदर्शन में श्रीराम व भगवती सीता ने पुण्याहवाचन, देवतापूजन, हवनकर्म इत्यादि सभी विधिपूर्वक संपन्न किये। विविध देशों के राजाओं की भीड़ समा नहीं पा रही है। अयोध्यावासियों का उत्साह चरम पर है।
आज चौदह वर्ष बाद अयोध्यापुरी पुनः सजी हुई है। सभी मार्गों पर सुगंधित द्रव्यों का छिड़काव हुआ है। प्रत्येक घर दीपों से प्रकाशमान है। घर-घर पर सुंदर ध्वजा-पताकाएँ लहरा रही है। कर्णप्रिय संगीत के स्वर सर्वत्र सुनाई दे रहे हैं।
देवताओं के मंदिरों से शंख-घंटा की मांगल्योसाहवर्धक ध्वनि पुनः सुनाई दे रही है। चौक चौराहों पर मंगल गीत गाये जा रहे हैं। सभी नागरिक स्त्री-पुरुषों ने उत्तमोत्तम वस्त्रालंकार धारण किये हैं। सुस्वादु खाद्य व पेय पदार्थों का आनंद के साथ आदान-प्रदान चल रहा है। प्रत्येक को अपने ही घर में मंगल कार्य होने का आभास हो रहा है और वह अत्यंत आनंदित है।
सभी हरि भक्तों को पुष्कर आश्रम एवं गोवर्धनधाम आश्रम से साधु संतों की शुभ मंगल कामना, श्री दिव्य घनश्याम धाम, श्री गोवर्धन धाम कॉलोनी, बड़ी परिक्रमा मार्ग, दानघाटी, गोवर्धन, जिला-मथुरा, (उत्तर-प्रदेश) श्री दिव्य मोरारी बापू धाम सेवा ट्रस्ट, गनाहेड़ा, पुष्कर जिला-अजमेर (राजस्थान).
Latest News

Amalaki Ekadashi 2026: आमलकी एकादशी व्रत करने से मोक्ष की होती है प्राप्ति, पढ़ें ये कथा

Amalaki Ekadashi 2026: फाल्‍गुन माह के शुक्‍ल पक्ष की एकादशी तिथि को आमलकी एकादशी कहा जाता है. हिंदू पंचांग...

More Articles Like This