PhonePe की आय 7,100 करोड़ पार, घाटा घटा; फिनटेक सेक्टर में मजबूत उछाल

Shivam
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

भारत की प्रमुख फिनटेक कंपनी PhonePe ने पिछले तीन वित्त वर्षों में अपनी आय, मुनाफे से जुड़े संकेतकों और नकदी प्रवाह में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया है. कंपनी द्वारा दाखिल ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) के अनुसार, परिचालन से आय वित्त वर्ष 2023 के 2,914.28 करोड़ रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में 7,114.85 करोड़ रुपये हो गई. यह लगभग 56.25 प्रतिशत की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) को दर्शाता है.

मर्चेंट पेमेंट और नए कारोबार बने ग्रोथ ड्राइवर

इस तेज वृद्धि के पीछे मर्चेंट पेमेंट, लेंडिंग और इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन जैसे कारोबारों का बड़ा योगदान रहा है. कुल आय में मर्चेंट पेमेंट की हिस्सेदारी वित्त वर्ष 2023 के 14.75 प्रतिशत से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में 27.99 प्रतिशत हो गई. 30 सितंबर 2025 को समाप्त छह महीनों में यह बढ़कर 30.78 प्रतिशत तक पहुंच गई.

वहीं, लेंडिंग और इंश्योरेंस सेवाओं की हिस्सेदारी 0.96 प्रतिशत से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में 7.84 प्रतिशत और हाल की छह महीने की अवधि में 11.55 प्रतिशत तक पहुंच गई. इससे साफ है कि कंपनी अब केवल पेमेंट प्लेटफॉर्म नहीं, बल्कि बहुआयामी फिनटेक कंपनी बन रही है.

घाटे में बड़ी कमी, मार्जिन में सुधार

कंपनी के घाटे में भी उल्लेखनीय गिरावट आई है. वित्त वर्ष 2025 में संशोधित घाटा घटकर 1,727.41 करोड़ रुपये रह गया, जो वित्त वर्ष 2023 की तुलना में 1,068.65 करोड़ रुपये का सुधार दर्शाता है. घाटा मार्जिन भी 90.68 प्रतिशत से घटकर 22.64 प्रतिशत पर आ गया, जो लागत नियंत्रण और बढ़ती आय का संकेत है.

ऑपरेशनल प्रॉफिटेबिलिटी में सुधार

DRHP के अनुसार, PhonePe ने वित्त वर्ष 2024 और 2025 में सकारात्मक एडजस्टेड EBITDA और एडजस्टेड प्रॉफिट दर्ज किया. वित्त वर्ष 2025 में कंपनी ने एडजस्टेड EBIT स्तर पर भी मुनाफा हासिल किया, जो बढ़ते राजस्व और बेहतर लागत प्रबंधन के कारण संभव हुआ.

फ्री कैश फ्लो में भी मजबूत प्रदर्शन

कंपनी ने नकदी सृजन के मोर्चे पर भी अच्छा प्रदर्शन किया है. वित्त वर्ष 2025 में PhonePe ने 190.47 करोड़ रुपये का फ्री कैश फ्लो दर्ज किया, जबकि 30 सितंबर 2024 को समाप्त छह महीने में यह 250.16 करोड़ रुपये रहा. यह परिचालन गतिविधियों से बढ़ी नकदी का परिणाम है.

टेक्नोलॉजी निवेश और लागत नियंत्रण का असर

PhonePe का कहना है कि तकनीकी अवसंरचना में किए गए निवेश — जैसे मालिकाना डेटा सेंटर, ऑटोमेशन और डेटा आधारित ग्राहक अधिग्रहण — ने लागत कम करने और लेनदेन बढ़ाने में मदद की. इससे कंपनी के मार्जिन और नकदी प्रवाह दोनों में सुधार हुआ.

पूंजी आवंटन में अनुशासित रणनीति

कंपनी ने पूंजी आवंटन में संतुलित दृष्टिकोण अपनाया है. PhonePe तरलता बनाए रखने, सोच-समझकर निवेश करने और प्रदर्शन आधारित विस्तार पर ध्यान दे रही है. इससे बैलेंस शीट मजबूत होने के साथ-साथ भविष्य के विस्तार की संभावनाएं भी बढ़ी हैं. वित्तीय खुलासों से स्पष्ट है कि PhonePe ने पिछले कुछ वर्षों में केवल उपयोगकर्ता आधार ही नहीं बढ़ाया, बल्कि अपने बिजनेस मॉडल को भी मजबूत किया है. आय में तेजी, घाटे में कमी और नकदी प्रवाह में सुधार कंपनी के परिपक्व होते फिनटेक मॉडल की ओर संकेत करते हैं.

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