Sensex opening bell: वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों के बीच सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में तेज गिरावट के साथ कारोबार की शुरुआत हुई. प्रमुख बेंचमार्क सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी दोनों लगभग 1 प्रतिशत टूटकर खुले. सेंसेक्स 800 से अधिक अंक या 1.11 प्रतिशत की गिरावट के साथ 73,421.61 पर खुला, जबकि निफ्टी 286 अंक या 1.22 प्रतिशत टूटकर 23,080.70 पर कारोबार शुरू हुआ.
इन शेयरो में आई तेजी
सेक्टोरल स्तर पर रियल्टी, मेटल, ऑटो और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) शेयरों में बिकवाली का दबाव देखने को मिला. इनमें सबसे अधिक गिरावट दर्ज की गई. रियल्टी शेयरों में लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट आई जबकि मेटल, ऑटो और आईटी सूचकांक 1 प्रतिशत से अधिक फिसल गए। निफ्टी के प्रमुख कमजोर शेयरों में विप्रो, टीसीएस, हिंदाल्को इंडस्ट्रीज, टाटा स्टील, जेएसडब्ल्यू स्टील, बजाज फाइनेंस और श्रीराम फाइनेंस शामिल रहे. कमजोरी केवल प्रमुख सूचकांकों तक सीमित नहीं रही.
व्यापक बाजार पर भी दबाव देखा गया और निफ्टी मिडकैप 100, मिडकैप 150 तथा स्मॉलकैप सूचकांकों में भी लगभग 1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई. हालांकि, बाजार में अस्थिरता तेज़ी से बढ़ी. इंडिया वीआईएक्स लगभग 15 प्रतिशत उछलकर 18 के आसपास पहुंच गया. विश्लेषकों के अनुसार, बाजार की व्यापक तकनीकी संरचना अभी भी कमजोर बनी हुई है.
बिकवाली के दबाव का संकेत
निफ्टी महत्वपूर्ण मूविंग एवरेज के नीचे कारोबार कर रहा है और ‘लोअर हाई-लोअर लो’ (निम्न उच्च और निम्न निम्न) का पैटर्न बनाए हुए है, जो लगातार बिकवाली के दबाव का संकेत देता है. उनका कहना है कि निफ्टी के लिए तत्काल समर्थन (सपोर्ट) 23,100-23,000 के दायरे में दिखाई दे रहा है, जबकि 23,500-23,700 के बीच मजबूत प्रतिरोध (रेजिस्टेंस) मौजूद है. पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण निवेशकों की धारणा कमजोर बनी रही.

