Middle East War: मिडिल ईस्ट में 28 फरवरी को ईरान पर इजरायल और अमेरिका के हमलों के बीच तनाव कम होने का नाम ही नहीं ले रहा है. इस हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की जान चली गई थी. इसके बाद से ईरान ने अमेरिका और इजरायल के खिलाफ जोरदार पलटवार किया है. ऐसे में जंग खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही है. ईरान ने फारस की खाड़ी से निकलने वाले जलमार्ग के बीच होर्मुज स्ट्रेट पर कब्जा कर रखा है और वहां से निकलने वाले तेल, गैस के जहाजों को अपना निशाना बना रहा है. ताजा मामले में ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना ने संयुक्त अरब अमीरात से पाकिस्तान जा रहे एक ‘सेलेन’ नाम के जहाज को पकड़ लिया है.
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) नेवी ने एक बड़े कंटेनर जहाज को रास्ते में ही वापस लौटने पर मजबूर कर दिया. बताया जा रहा है कि ‘सेलेन’ नाम का यह जहाज पाकिस्तान के कराची शहर की ओर जा रहा था. जैसे ही ये जहाज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की जद में पहु्ंचा, ईरानी नौसेना ने इसे रोक दिया. ईरान ने इस जहाज को तुरंत वापस भेज दिया. ईरान ने बताया कि इस जहाज के चालकों पर आरोप है कि उन्होंने जरूरी कानूनी प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया और बिना अनुमति के इस अहम समुद्री रास्ते में प्रवेश कर गया.
सोशल मीडिया पर IRGC कमांडर ने दी जानकारी
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना ने एक कंटेनर जहाज को होर्मुज जलडमरूमध्य से वापस लौटा दिया. IRGC नौसेना के कमांडर अलीरेजा तंगसिरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी देते हुए बताया कि ‘SELEN’ नाम का यह जहाज जरूरी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किए बिना इस संवेदनशील जलमार्ग से गुजरने की कोशिश कर रहा था. तंगसिरी के मुताबिक, जहाज के पास होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की वैध अनुमति नहीं थी, जिसके चलते उसे आगे बढ़ने से रोक दिया गया और वापस भेज दिया गया. उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अहम समुद्री मार्ग से गुजरने के लिए ईरान के समुद्री प्राधिकरण के साथ पूरा समन्वय अनिवार्य है.