Unnao: महाकुंभ से लौट रहे श्रद्धालुओं का वाहन दुर्घटनाग्रस्त, पिता-बेटी की मौत, 10 घायल

Ved Prakash Sharma
Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

उन्नावः गुरुवार की सुबह कानपुर-लखनऊ हाइवे पर भीषण सड़क हादसा हुआ. श्रद्धाओं से भरी मार्शल जीप की रोडवेज बस से टक्कर हो गई. इस हादसे में जहां पिता और बेटी की मौत हो गई, वहीं 10 श्रद्धालु गंभीर रूप से घायल हो गए. यह हदसा अजगैन क्षेत्र में हुआ. सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों को अस्पताल भेजवाया. हादसे की वजह से काफी देर तक हाइवे जाम रहा.

कानपुर-लखनऊ हाईवे पर हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के ईशागढ़ व शिवपुरी के 12 श्रद्धालु मार्शल जीप से 1 फरवरी को कुंभ स्नान के लिए गए थे. स्नान के बाद सभी वाराणसी काशी विश्वनाथ फिर अयोध्या में रामलला के दर्शन कर चित्रकूट जा रहे थे. इसी दौरान आज सुबह करीब साढ़े 6 बजे कानपुर-लखनऊ पर अजगैन क्षेत्र में चमरौली गांव के सामने जीप महोबा डिपो की रोडवेज बस में पीछे से टकरा गई.

हादसे के बाद मची चीख-पुकार
हादसे में जीप में सवार लोगों में चीख-पुकार मच गई. इस दुर्घटना में सुरेश तिवारी (55 वर्ष) निवासी ईशागढ़ अशोक नगर मध्यप्रदेश और उनकी बेटी राधा व्यास (30) पत्नी कपिल व्यास निवासी शिवपुरी मध्यप्रदेश की मौके पर मौत हो गई, जबकि दस लोग गंभीर रूप से घायल हो गए.

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई. लोगों की मदद से वाहन में फंसे घायलों को बाहर निकाला. सभी को सीएचसी ले जाया गया, वहां से दो को जिला अस्पताल रेफर किया गया है. ओमवती को कानपुर एलएलआर रेफर किया गया है. अन्य की हालत सामान्य है. सीओ हसनगंज संतोष सिंह ने सीएचसी पहुंचकर घायलों का हाल जाना.

घायलों में ये लोग हैं शामिल
विमला सिंह पत्नी विनोद निवासी शिवपुरी मध्यप्रदेश, परमाण सिंह पुत्र राजूनाथ सिंह निवासी मध्यप्रदेश, भगवती पत्नी जगदीश निवासी ईसागढ़ मध्य प्रदेश, सतीश निवासी मध्यप्रदेश, रानी, अंश, अनिका, चालक शिवा, ओमवती सुषमा भार्गव शामिल हैं. पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. घटना की जांच में जुटी है. हादसे की वजह से एक घंटा तक हाईवे पर जाम लगा रहा.

Latest News

भारत में 70% नौकरियां अब टियर-2 और टियर-3 शहरों में, रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

एक नई रिपोर्ट के अनुसार भारत में लगभग 70% नौकरियां टियर-2 और टियर-3 शहरों में उपलब्ध हैं. मैन्युफैक्चरिंग, BFSI और रिटेल सेक्टर छोटे शहरों में रोजगार वृद्धि के प्रमुख इंजन बनकर उभरे हैं, जिससे गैर-मेट्रो क्षेत्रों में औपचारिक रोजगार तेजी से बढ़ रहा है.

More Articles Like This

Exit mobile version