Turmeric To Use In Food : हल्दी शरीर के लिए बहुत फायदेमंद है. इससे सूजन कम करने, अंदरूनी चोटों को ठीक करने और सर्दियों के मौसम में फ्लू से शरीर की रक्षा करने में मदद मिलती है. ऐसे में अब सवाल उठता है कि सबसे अच्छी हल्दी कौन-सी होती है. क्योंकि इसके लिए अच्छी हल्दी का इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है. बाजार में हल्दी की कई किस्म मिलती हैं लेकिन इनमें काफी अंतर होता है.
बता दें कि सबसे अच्छी लकाडोंग हल्दी होती है. लाकाडोंग हल्दी मेघालय के लाकाडोंग गांव में पैदा की जाती है. इसमें करक्यूमिन की मात्रा काफी ज्यादा होती है. जानकारी के मुताबिक, इसे दुनिया की सबसे अच्छी हल्दी माना जाता है. इसके साथ ही करक्यूमिन हल्दी में पाया जाने वाला एक सूजनरोधी यौगिक है. नॉर्मल हल्दी में 2-4% करक्यूमिन होता है, वहीं लाकाडोंग हल्दी में 7-12% करक्यूमिन होता है.
इसके बाद दूसरे नंबर पर एलेप्पी हल्दी को माना जाता है. इसका उत्पादन केरल के एक छोटे से शहर में होता है. बता दें कि केरल का एलेप्पी अपनी सुंदरता के साथ ही हल्दी के लिए भी जाना जाता है. इसके साथ ही एलेप्पी हल्दी में करी 5% करक्यूमिन पाया जाता है. इस हल्दी का इस्तेमाल घरेलू उपायों और दवाओं में किया जाता है.
इसके साथ ही दक्षिण भारत में मद्रास हल्दी भी काफी फेमस है. ये हल्दी दूसरी हल्दी के मुकाबले हल्की पीली होती है. इसमें करबी 3.5% करक्यूमिन होता है. लोग इसे खाने में इस्तेमाल करते हैं. इसके अलावा इरोड हल्दी भी अच्छी है, इसे जीआई टैग मिल चुका है. इरोड तमिलनाडु में पैदा होती है. इसमें 3-4% करक्यूमिन होता है.
वहीं सांगली हल्दी भी काफी अच्छी मानी जाती है. ये महाराष्ट्र के सांगली में पैदा की जाती है. बता दें कि इसका उपयोग दवाओं में किया जाता है. निज़ामाबाद हल्दी भी काफी लोकप्रिय है. ये तेलंगाना के निज़ामाबाद में पैदा होती है और साथ ही इसमें 2-4% करक्यूमिन होता है. इसका रंग खास तरह का पीला होता है.
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