मिनटों में ही दुश्मन होंगे नेस्तनाबूद! डीआरडीओ ने किया गाइडेड मिसाइल का सफल परीक्षण, जानिए क्या है इसकी खासियत

Aarti Kushwaha
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Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
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Man Portable Missile: रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने मंगलवार को राजस्थान के जैसलमेर के फील्ड फायरिंग रेंज में मैन-पोर्टेबल एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण किया. इस मिसाइल को भारत में निर्मित किया गया है, जिसमें लॉन्चर, टारगेट एक्विजिशन सिस्टम और फायर कंट्रोल यूनिट भी शामिल है.

परीक्षण के दौरान डीआरडीओ के अधिकारियों ने मिसाइल के प्रदर्शन की जमकर तारीफ करते हुए इसे उल्लेखनीय बताया. उन्‍होंने कहा कि इस एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल सिस्टम में ऐसे कई फीचर हैं, जो इसे बेहद ही घात बनाते है. ये मिसाइल पलक झपकते ही दुश्मनों का खत्‍मा कर सकते है.

मैन-पोर्टेबल एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल की खासियत?

बता दें कि मैन-पोर्टेबल एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल या एटीजीएम, दिन और रात दोनों समय में अपने लक्ष्‍य को भेदने के लिए डिजाइन की गई है. ये टॉप अटैक क्षमता से लैस है जो पलक झपकते ही दुश्मनों के ठिकानों को तबाह करने का दमखम रखती है. बताया जा रहा है कि भविष्य में इसे युद्ध टैंकों में भी लगाया जा सकता है.

दुश्मन के टैंक होंगे तबाह

मैन-पोर्टेबल एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल का भार 15 किलोग्राम से भी कम है, जिस वजह से इसे कंधे पर रखकर भी दुश्मन के ठिकानों पर दागा जा सकता है. हालांकि इसका खौफ हमेशा, दुश्मन के टैंकों और बख्तरबंद गाड़ियों को चलाने वालों को रहेगा. इसकी मदद से दुश्मन के टैंक भी तबाह हो जाएंगे.

रक्षा मंत्री ने की डीआरडीओ-सेना की तारीफ

वहीं, इस मिसाइल के सफलतापूर्व परीक्षण के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डीआरडीओ और भारतीय सेना की सराहना की. उन्‍होंने मैन-पोर्टेबल एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल को रक्षा प्रणाली में आत्मनिर्भरता प्राप्त करने की दिशा में एक अहम कदम बताया है.

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