Mumbai: महाराष्ट्र में 2012 के पुणे सिलसिलेवार बम धमाकों के आरोपियों में से एक असलम शब्बीर जहागीरदार उर्फ बंटी जहागीरदार (53) की दो बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी. यह वारदात उस वक्त हुई जब अहिल्यानगर जिले के श्रीरामपुर निवासी जहागीरदार बुधवार दोपहर को एक रिश्तेदार को श्रद्धांजलि देकर कब्रिस्तान से वापस घर लौट रहा था.
डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया
जहागीरदार अपने रिश्तेदार की मोपेड पर था तभी उस पर तीन गोलियां चलाई गईं. श्रीरामपुर शहर पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर नितिन देशमुख ने बताया कि उसे सीने और पेट में गोली लगने के घावों के साथ अस्पताल ले जाया गया लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. हालांकि, CCTV कैमरों में कैद हुए दोनों आरोपियों ने रात में शिरडी पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया. मामले की गंभीरता को देखते हुए नासिक रेंज के IG दत्तात्रेय कराले मौके पर श्रीरामपुर पहुंचे.
दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर की जा रही है पूछताछ
फिलहाल जागीरदार के शव को पोस्टमार्टम के लिए संभाजीनगर स्थित जीएमसीएच ले जाया गया. श्रीरामपुर के डिप्टी एसपी जयदत्ता भावर ने बताया कि दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ की जा रही है. 1 अगस्त 2012 को पुणे में जेएम रोड पर पांच समन्वित कम तीव्रता वाले विस्फोट हुए, जिनमें एक व्यक्ति घायल हो गया. जनवरी 2013 में ATS ने जागीरदार को विस्फोट के संदिग्धों को हथियार मुहैया कराने के आरोप में गिरफ्तार किया था.
राजनीतिक रूप से सक्रिय रहा है जागीरदार का परिवार
वह साल 2023 से जमानत पर बाहर था. 1997 से उसके खिलाफ 17 FIR दर्ज थीं. जागीरदार का परिवार स्थानीय स्तर पर राजनीतिक रूप से सक्रिय रहा है. उनकी मां श्रीरामपुर नगर परिषद की पूर्व सदस्य थीं. उनकी मृत्यु के बाद उनकी भाभी तरन्नुम शेख जागीरदार ने नगर निगम उपचुनाव जीता. श्रीरामपुर नगर परिषद के हाल ही में संपन्न हुए चुनाव में उनके चचेरे भाई रईस शेख जहागीरदार वार्ड नंबर 8 से निर्वाचित हुए.
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