मई 2026 में भारत का वस्तु निर्यात 18 प्रतिशत बढ़कर 45.2 अरब डॉलर पहुंच गया. वाणिज्य मंत्रालय के अनुसार अप्रैल-मई अवधि में कुल निर्यात 88.91 अरब डॉलर दर्ज किया गया.
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने 2022-23 को आधार वर्ष मानते हुए नई WPI सीरीज लॉन्च की है. मई 2026 में थोक महंगाई दर 9.68 प्रतिशत दर्ज की गई, जबकि WPI बास्केट में वस्तुओं की संख्या बढ़ाकर 957 कर दी गई है.
अमेरिका-ईरान समझौते की खबर के बाद वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेज गिरावट आई है. ब्रेंट क्रूड 84 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया है, जिससे भारत जैसे बड़े आयातक देशों को राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है.
अल नीनो की बढ़ती संभावना और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के बीच महंगाई को लेकर नई चिंता सामने आई है. बैंक ऑफ बड़ौदा की रिपोर्ट में आने वाले महीनों में खाद्य और ईंधन महंगाई बढ़ने का जोखिम जताया गया है.
भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को बड़ी गिरावट देखने को मिली. सेंसेक्स करीब 800 अंक तक टूट गया जबकि निफ्टी 23,100 के करीब फिसल गया. कुछ ही घंटों में निवेशकों के करीब 5 लाख करोड़ रुपये स्वाहा हो गए.
महंगाई की मार झेल रहे करोड़ों परिवारों को एक और झटका लगा है. घरेलू LPG सिलेंडर की कीमतों में 29 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में LPG की कीमतों में आई भारी तेजी का असर अब भारतीय रसोई तक पहुंच गया है.
RBI GDP Growth Forecast: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए देश की आर्थिक वृद्धि दर को लेकर नया अनुमान जारी किया है. केंद्रीय बैंक की मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने शुक्रवार को वास्तविक जीडीपी वृद्धि...
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने NRI, OCI और FPI निवेशकों को राहत देने के लिए कई बड़े ऐलान किए हैं. केंद्रीय बैंक ने विदेशी निवेश आकर्षित करने और पूंजी प्रवाह बढ़ाने के लिए नियमों में ढील देने का फैसला किया है.
मई 2026 में भारत का मैन्युफैक्चरिंग PMI बढ़कर 55.0 पर पहुंच गया. नए ऑर्डर, उत्पादन और खरीद गतिविधियों में तेजी के चलते विनिर्माण क्षेत्र पिछले तीन महीनों के सबसे मजबूत स्तर पर पहुंच गया.
SBI की रिसर्च रिपोर्ट में दावा किया गया है कि RBI जून में होने वाली MPC बैठक में रेपो रेट नहीं बढ़ा सकता. रिपोर्ट में महंगाई, GDP ग्रोथ, रुपए की कमजोरी और पेट्रोल-डीजल की कीमतों को लेकर भी अहम अनुमान लगाए गए हैं.