पुष्कर में संत दिव्य मोरारी बापू ने श्रीराम नाम की महिमा बताते हुए कहा कि भगवान का नाम साधक के जीवन में सद्गुणों को प्रकट करता है और दुर्गुणों को समाप्त करता है. उन्होंने श्रीरामचरितमानस के नाम वंदना प्रकरण के नियमित पाठ को भगवान के नाम में रुचि जगाने वाला बताया.
घाटमपुर में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा ने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव नजदीक आते ही राम मंदिर और सनातन संस्कृति को बदनाम करने की साजिश रची जाती है.
पुष्कर (राजस्थान) में परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा कि सदाचार और शुद्ध आचार-विचार ही सच्ची भक्ति की नींव हैं। उन्होंने ध्यान, दान, माता-पिता के सम्मान और गीता के संदेश को जीवन में अपनाने की प्रेरणा दी।
गुरु पूर्णिमा 2026 इस बार 29 जुलाई, बुधवार को मनाई जाएगी. जानिए गुरु पूर्णिमा की सही तारीख, शुभ मुहूर्त, स्नान-दान का समय, व्यास पूर्णिमा का महत्व और पूजा की संपूर्ण विधि.
मां छिन्नमस्ता को दस महाविद्याओं में छठी महाविद्या माना जाता है. जानिए उन्होंने अपना ही शीश क्यों काटा, डाकिनी-शाकिनी से जुड़ी पौराणिक कथा और उनके इस दिव्य स्वरूप का आध्यात्मिक महत्व.
Shakun Shastra: घर में दो छिपकलियों का आपस में लड़ना केवल एक सामान्य घटना है या किसी संकेत का प्रतीक? जानिए नारद संहिता, शकुन शास्त्र और वास्तु मान्यताओं के अनुसार इसका अर्थ और बताए गए उपाय.
Puskar/Rajasthan: परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा, प्रत्येक वस्तु परमात्मा को अर्पित करो और फिर उसे प्रसाद के रूप में ग्रहण करो। "प्रसादस्तु प्रसन्नता "प्रसाद का फल प्रसन्नता है। हर वस्तु या परिस्थिति हमारे लिए सुखद नहीं हो सकती...
Puskar/Rajasthan: परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा, सुदामा चरित में भगवान श्रीकृष्ण ने मित्र का धर्म बताया। अपने बड़े से बड़े दुःख की परवाह न करके मित्र के छोटे से दुःख का निराकरण हो ऐसा प्रयास...
Puskar/Rajasthan: परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा, भगवान श्री कृष्ण का प्राकट्य हुआ तब रात्रि १२ बजे का समय, दिशाएं निर्मल, शीतल मंद सुगन्ध पवन चलने लगी, हर वृक्ष पर पुष्प निकल आये, भौंरे गूंजने लगे।...
Puskar/Rajasthan: परम पूज्य संत श्री दिव्य मोरारी बापू ने कहा, भक्त्या तुष्यति केवलम्। भगवान केवल शिष्टाचार देखते तो ब्याध के ऊपर भगवान की कृपा कभी न होती। श्री शिव पुराण में व्याध की कथा है। उसको जंगल में शिव...
पुष्कर में संत दिव्य मोरारी बापू ने श्रीराम नाम की महिमा बताते हुए कहा कि भगवान का नाम साधक के जीवन में सद्गुणों को प्रकट करता है और दुर्गुणों को समाप्त करता है. उन्होंने श्रीरामचरितमानस के नाम वंदना प्रकरण के नियमित पाठ को भगवान के नाम में रुचि जगाने वाला बताया.