कैमरून में फंसे आगरा की दंपती की वापसी में जुटा भारतीय उच्चायोग, राज्यसभा सदस्य ने PM को भेजा था पत्र

New Delhi: कैमरून में फंसे आगरा दंपती को लेकर भारतीय उच्चायोग ने अपनी पहल तेज कर दी है. बेटे-बहू और नातिन के कैमरून में फंसे होने से दयालबाग में रहने वाला परिवार टूट चुका है. राज्यसभा सदस्य नवीन जैन ने दंपती को भारत वापस लाने के लिए प्रधानमंत्री, विदेश मंत्री डा. एस जयशंकर और कैमरून स्थित भारतीय उच्चायुक्त को पत्र भेजा था, जिस पर पर शीघ्र संज्ञान लिया गया है.

तेजी से आगे बढ़ाई जा रही हैं भारत वापसी के लिए आवश्यक प्रक्रियाएं

कैमरून स्थित भारतीय उच्चायोग के उच्चायुक्त विनय खंडूजा ने जवाबी पत्र में जानकारी दी कि वह लगातार धीरज जैन, उनके परिजनों, नियोक्ता कंपनी और स्थानीय अधिकारियों से संपर्क बनाए हुए हैं. उच्चायोग ने भरोसा दिलाया है कि धीरज जैन की भारत वापसी के लिए आवश्यक प्रक्रियाएं तेजी से आगे बढ़ाई जा रही हैं. जल्द ही समाधान निकाल लिया जाएगा.

पिता ने राज्यसभा सदस्य नवीन जैन से की थी मुलाकात

पिता से मुलाकात के बाद राज्यसभा सदस्य नवीन जैन ने कहा कि सभी विभागों के संपर्क में हूं. अफ्रीका के कैमरून में दो सप्ताह से फंसे न्यू आगरा के खासपुर के रहने वाले धीरज जैन के पिता धनपाल जैन ने बुधवार को राज्यसभा सदस्य नवीन जैन से उनके शास्त्रीपुरम स्थित आवास पर मुलाकात की थी. उन्हें बताया कि बेटा निर्दोष है, उसे साजिश के तहत फंसाया जा रहा है.

मां गंभीर आटोइम्यून बीमारी से ग्रसित

तीन महीनों से कंपनी द्वारा वेतन रोके जाने और उससे जबरन कार्य कराए जाने से परिजनों की चिंता और बढ़ गई है. जबकि, अनुबंध में साफ लिखा है कि कोई भी कानूनी प्रक्रिया होती है तो वह भारत में ही होगी. इसके बावजूद कंपनी द्वारा अनुचित दबाव बनाया जा रहा है. धीरज की मां गंभीर आटोइम्यून बीमारी से ग्रसित हैं और मुंबई में अपनी बेटी के पास रहकर उपचार करा रही हैं. उन्होंने कहा कि बेटे- बहू और नातिन के कैमरून में फंसे होने से परिवार टूट चुका है. हमे इस संकट से बाहर निकालें.

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