चीन में दर्दनाक हादसा: ट्रेलर ट्रक से टकराने के बाद यात्री वैन में लगी आग, 13 लोगों की जिंदा जलकर मौत

Must Read

Beijing: चीन के मध्य हेनान प्रांत में गुरुवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ. ओवरलोड यात्री वैन आगे चल रहे सेमी-ट्रेलर ट्रक से जा टकराई. हादसे में 13 लोगों की मौत हो गई, जबकि 3 अन्य घायल हो गए. हादसा नानयांग शहर के एक्सप्रेसवे पर सुबह करीब 2.40 बजे हुआ. स्थानीय प्रशासन के मुताबिक यह वैन केवल 9 यात्रियों के लिए बनी थी लेकिन हादसे के समय इसमें 16 लोग सवार थे.

मौके पर ही कई लोगों की मौत

टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मौके पर ही कई लोगों की मौत हो गई. घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है. चीन के सार्वजनिक सुरक्षा मंत्रालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच और राहत कार्य के लिए विशेष टीम नानयांग भेज दी है. अधिकारी हादसे के कारणों की जांच कर रहे हैं, जिसमें ओवरलोडिंग और तेज रफ्तार को मुख्य वजह माना जा रहा है.

एक कोयला खदान में गैस विस्फोट

यह हादसा ऐसे समय हुआ है जब हाल के दिनों में चीन लगातार बड़े हादसों का सामना कर रहा है. पिछले सप्ताह शांक्सी प्रांत की एक कोयला खदान में गैस विस्फोट हुआ था, जिसमें 82 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 9 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं. इस हादसे के बाद 755 बचावकर्मियों और मेडिकल स्टाफ को मौके पर भेजा गया था. इसी महीने हुनान प्रांत में एक पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट में लगभग दो दर्जन लोगों की मौत हो गई थी और 61 लोग घायल हुए थे.

चीन की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल

विस्फोट के बाद आस-पास के इलाके खाली कराए गए थे ताकि दूसरा धमाका न हो सके. लगातार हो रहे इन हादसों ने चीन की औद्योगिक और परिवहन सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. विशेषज्ञों का मानना है कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी और ओवरलोडिंग जैसी लापरवाहियां इन घटनाओं की बड़ी वजह बन रही हैं.

इसे भी पढ़ें. Donald Trump Buffalo: बकरीद पर कुर्बानी से बच गया ‘डोनाल्ड ट्रंप भैंसा’, सरकार ने क्यों रुकवाई आखिरी समय में कुर्बानी?

Latest News

Mobile Manufacturing Scheme: ₹62,500 करोड़ की नई स्कीम को मंजूरी, भारत बनेगा मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल हब

केंद्रीय कैबिनेट ने ₹62,500 करोड़ की मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग स्कीम (MPMS) को मंजूरी दे दी है. यह योजना 2026-27 से 2030-31 तक लागू रहेगी और मोबाइल उत्पादन, निर्यात, घरेलू विनिर्माण तथा रोजगार सृजन को बढ़ावा देने पर केंद्रित होगी.

More Articles Like This