ट्रंप के इस दावे पर दुनिया भर में मचा बवाल! वैज्ञानिकों ने किया खंडन, जानें क्या है मामला?

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Washington: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के गर्भवती महिलाओं को पेरासिटामोल के उपयोग को सीमित करने की सलाह के बाद बवाल मच गया है. इस दावे का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वैज्ञानिकों ने जोरदार विरोध करते हुए अपनी स्टडी से इसका खंडन किया है. सोमवार को ऑटिज्म के लिए संभावित इलाज खोजने के लिए रिसर्च पर जोर देते हुए डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की थी कि गर्भवती महिलाओं को एसिटामिनोफेन के उपयोग को सीमित करना चाहिए, जिसे आमतौर पर अमेरिका में टाइलेनॉल या अन्य जगहों पर पेरासिटामोल के रूप में ब्रांड किया जाता है.

व्यापक जांच के बाद डोनाल्ड ट्रम्प ने की घोषणा

ट्रंप प्रशासन ने ऑटिज्म के पीछे की वजहों के बारे में अत्यधिक विवादास्पद निष्कर्षों को दुनिया के सामने रखा है. अमेरिका के स्वास्थ्य सचिव रॉबर्ट एफ कैनेडी जूनियर के नेतृत्व में कई महीनों तक की गई व्यापक जांच के बाद डोनाल्ड ट्रम्प ने यह घोषणा की. उन्होंने दावा किया कि गर्भवती महिलाओं द्वारा पेरासिटामोल का उपयोग करने पर ऑटिज्म का खतरा बढ़ जाता है.

इस बैठक के लिए 20 वर्षों तक इंतजार किया

द गार्डियन की रिपोर्ट के अनुसार ‘व्हाइट हाउस से बोलते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इस बैठक के लिए 20 वर्षों तक इंतजार किया. ऐसा नहीं है कि सब कुछ 100% समझ लिया गया है या जान लिया गया है लेकिन मुझे लगता है कि हमने बहुत प्रगति की है, लेकिन साथ ही उन्होंने घोषणा की टाइलेनॉल (पेरासिटामोल) लेना अच्छा नहीं है. सभी गर्भवती महिलाओं को गर्भवती होने के दौरान इस दवा के उपयोग को सीमित करने के बारे में अपने डॉक्टरों से बात करनी चाहिए.

जोर देते हुए कहा कि न लें टाइलेनॉल

बाद में उन्होंने अपनी टिप्पणी पर जोर देते हुए कहा कि टाइलेनॉल न लें. एपी की रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने लंबे समय से खारिज किए गए दावों को भी हवा दी कि टीकों या टाइमिंग शॉट्स में मौजूद तत्व एक साथ मिलकर अमेरिका में ऑटिज़्म की बढ़ती दरों में योगदान दे सकते हैं जबकि यह दावा करते समय उन्होंने कोई चिकित्सीय सबूत नहीं दिए.

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