भारतीय सेना की बढ़ने वाली है ताकत, अमेरिका ने दिया फाइटर जेट बनाने का खास इंजन

INDIA : अमेरिका की ओर से भारत को गुड न्यूज मिली है. बता दें कि अमेरिका की जेट इंजन बनाने वाली कंपनी GE ने भारत को अपना दूसरा इंजन GE-4 सौंप दिया है. जानकारी के मुताबिक, इस इंजन का इस्तेमाल हल्के लड़ाकू विमानों में किया जाएगा. यह LCA (लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट) तेजस मार्क-1 ए में लगाया जा सकता है. सबसे खास बात यह है कि इस फाइनेंशियल ईयर में हिन्दुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड को इस तरह के कुल 12 इंजन मिलने की उम्मीद है.

मीडिया रिपोर्ट का कहना है कि भारत को दूसरा GE-404 इंजन मिल गया है. इस दौरान भारतीय वायुसेना ने 83 LCA मार्क-1 ए लड़ाकू विमानों के ऑर्डर दिए हैं. प्राप्‍त जानकारी के अनुसार रक्षा मंत्रालय की मंजूरी के बाद 97 और ऐसे विमान खरीदने का प्रस्ताव भी आखिरी चरण में है. बता दें कि अब भारतीय वायुसेना की ताकत और बढ़ने वाली है. ऐसे में यह पड़ोसी देश पाकिस्तान के लिए टेंशन बढ़ाने वाली खबर है.

2026 में हर महीने दो इंजन भेज सकता है GE

ऐसे में एक रिपोर्ट के दौरान रक्षा सचिव राजेश सिंह ने बताया कि भारत के तेजस मार्क-1ए लड़ाकू विमानों के लिए GE (जनरल इलेक्ट्रिक) F404-IN20 इंजनों की सप्लाई फिर से शुरू हो गई है.  2026 में अमेरिका की GE कंपनी मार्च से हर महीने दो इंजन भेज सकता है. इस जनरल इलेक्ट्रिक से भारत ने 761 मिलियन डॉलर का समझौता किया था. इसके तहत लड़ाकू विमानों के लिए इंजन खरीदे जाने हैं.

भारतीय वायुसेना के पास हैं कई फाइटर एयरक्राफ्ट

प्राप्‍त जानकारी के अनुसार बता दें कि भारतीय वायुसेना के पास कई फाइटर एयरक्राफ्ट हैं, जो कि हर प्रकार के अटैक का सामना करने के लिए बनाए गए हैं. बता दें कि हर एयरक्राफ्ट की अलग क्षमता है. इस लिस्ट में सुखोई Su-30 MKI, राफेल, तेजस, मिग-29, मिराज 2000, जगुआर और मिग-21 शामिल हैं.

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