इराक में ड्रोन हमले में फ्रांसीसी सैनिक की मौत, मैक्रों ने दी चेतावनी, बोले-हम इसका जवाब देने को तैयार

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US Israel Iran War: पश्चिम एशिया में धधक रहा युद्ध अब खतरनाक रूप से फैलता नजर आ रहा है. लगातार हो रहे हमलों और जवाबी कार्रवाई ने पूरे क्षेत्र को बारूद के ढेर पर बैठा दिया है. इराक के उत्तरी कुर्द क्षेत्र में इरबिल को निशाना बनाकर किए गए हमले में एक फ्रांसीसी सैनिक की मौत हो गई. फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी.

यह हमला अस्वीकार्य

मैक्रों ने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह हमला अस्वीकार्य है. उन्होंने मृतक सैनिक के परिवार और साथियों के प्रति गहरी संवेदना और एकजुटता व्यक्त की. मृतक सैनिक की पहचान फ्रांस के 7वें अल्पाइन शासर बटालियन के वारंट ऑफिसर आर्नॉ फ्रियोन के रूप में हुई है. राष्ट्रपति मैक्रों ने बताया कि इस हमले में कई अन्य फ्रांसीसी सैनिक भी घायल हुए हैं.

फ्रांस अपने सैनिकों के साथ खड़ा

उन्होंने कहा कि फ्रांस अपने सैनिकों और उनके परिवारों के साथ खड़ा है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी कदम उठाए जाएंगे. अपने पोस्ट में मैक्रों ने स्पष्ट किया कि फ्रांसीसी सैनिक 2015 से आईएसआईएस के खिलाफ लड़ाई में शामिल हैं और उनकी मौजूदगी केवल आतंकवाद के खिलाफ अभियान तक सीमित है. उन्होंने जोर देकर कहा कि ईरान में युद्ध या किसी अन्य क्षेत्रीय संघर्ष को इस हमले का औचित्य नहीं बनाया जा सकता.

ऐसे हमलों को कभी बर्दाश्त नहीं करेगा फ्रांस

राष्ट्रपति ने चेतावनी दी कि फ्रांस ऐसे हमलों को कभी बर्दाश्त नहीं करेगा और अपने सैनिकों के खिलाफ किसी भी हिंसक कार्रवाई का जवाब देने के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि आतंकवाद से लड़ाई में फ्रांस की प्रतिबद्धता अडिग है और उनकी सेनाएँ पूरी जिम्मेदारी और साहस के साथ मिशन को जारी रखेंगी.

ड्रोन हमले में छह सैनिक घायल

इससे पहले फ्रांस ने कहा था कि इरबिल में ड्रोन हमले में छह सैनिक घायल हो गए थे. इरबिल में फ्रांसीसी सैनिक इराकी बलों को इस्लामिक स्टेट के आतंकवादियों के खिलाफ लड़ाई में समर्थन देने वाले बहुराष्ट्रीय आतंकवाद-रोधी मिशन के तहत तैनात हैं.

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