‘नेपाल के दो मंत्रियों ने दिया इस्तीफा!’, कार्की सरकार में मिली थी अहम जिम्मेदारी, फिर होगा Gen-Z आंदोलन?

Kathmandu: नेपाल के युवा एवं खेल मंत्री बबलू गुप्ता ने सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. उनके इस्तीफे की वजह भी सामने आई है. बताया जा रहा है कि आगामी पांच मार्च को होने वाले आम चुनाव में भाग लेने के लिए बबलू ने अपना इस्तीफा दिया है. इसके अलावा सूचना मंत्री जगदीश खरेल ने भी अपने इस्तीफे की पुष्टि कर दी है. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी से चुनाव लड़ने के लिए आज वो मंत्री पद से इस्तीफा देने वाले हैं.

प्रधानमंत्री निवास जाने वाले हैं बबलू

मंत्रालय में कुछ आवश्यक कार्य निबटा कर वो अपने पद से इस्तीफा देने प्रधानमंत्री निवास जाने वाले हैं. उन्होंने स्पष्ट किया है कि अब वह पूरी तरह चुनाव प्रचार पर ध्यान केंद्रित करेंगे. राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) से जुड़े सूत्रों के अनुसार गुप्ता इन दिनों धनुषा जिले के जनकपुर में पार्टी के लिए चुनाव प्रचार में जुटे हुए हैं. RSP के टिकट पर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं. गुप्ता ने कहा कि मैं चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने के उद्देश्य से सिराहा पहुंच गया हूं.

फोन पर भी जानकारी दी जानकारी

मैंने अपना इस्तीफा ईमेल के माध्यम से प्रधानमंत्री सुशीला कार्की को भेज दिया है और फोन पर भी इसकी जानकारी दे दी है. बबलू गुप्ता को 26 अक्टूबर को युवा एवं खेल मंत्री नियुक्त किया गया था. वह Gen-Z युवाओं का प्रतिनिधित्व करते हुए सुशीला कार्की के नेतृत्व वाली सरकार में शामिल हुए थे. Gen-Z से आशय 1997 से 2012 के बीच जन्मे युवाओं से है.

सरकारी प्रतिबंध के खिलाफ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन

सितंबर 2025 में Gen-Z आंदोलन के दौरान काठमांडू और अन्य क्षेत्रों में सोशल मीडिया पर सरकारी प्रतिबंध के खिलाफ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए थे. इन हिंसक प्रदर्शनों में 19 लोगों की मौत हो गई थी और 300 से अधिक लोग घायल हुए थे. व्यापक सरकार विरोधी-प्रदर्शनों के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री के. पी. शर्मा ओली को पद से इस्तीफा देना पड़ा था.

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