PAKISTAN: स्वास्थ्य केंद्र पर खड़ी एम्बुलेंस में धमाका, ऑक्सीजन सिलेंडर ब्लास्ट में गर्भवती समेत नौ की मौत

Islamabad: पाकिस्तान के सिंध प्रांत स्थित थारपारकर जिले में ऑक्सीजन सिलेंडर ब्लास्ट में एक गर्भवती महिला समेत 9 लोगों की मौत हो गई. धमाका एक स्वास्थ्य केंद्र पर खड़ी एम्बुलेंस में हुआ. बचाव अधिकारियों के अनुसार, घायलों में से एक व्यक्ति की कराची ले जाते समय मौत हो गई. स्थानीय मीडिया ने गुरुवार को इसकी जानकारी दी. अंग्रेजी दैनिक डॉन के अनुसार, बचाव अधिकारियों ने बताया कि थारपारकर के नगरपारकर तालुका में दानो धंधल स्थित ‘पीपल्स प्राइमरी हेल्थकेयर इनिशिएटिव’ (पीपीएचआई) संचालित एम्बुलेंस में तब आग लग गई, जब कर्मचारी इसका ऑक्सीजन सिलेंडर बदल रहे थे.

मरने वालों में गर्भवती और उसके साथ आए दो लोग भी शामिल

नगरपारकर की असिस्टेंट कमिश्नर ने भी बताया कि जब विस्फोट हुआ, तब एम्बुलेंस स्वास्थ्य केंद्र पर खड़ी थी. अस्पताल प्रशासन और रेस्क्यू टीम के अनुसार, जब कर्मचारी ऑक्सीजन सिलेंडर लगा रहे थे, तब एक गर्भवती महिला एम्बुलेंस के अंदर ही मौजूद थी. इसी दौरान हुए धमाके से आग लग गई. पुलिस ने बताया कि मरने वालों में पीपीएचआई का एक डिस्पेंसर, एम्बुलेंस ड्राइवर, एक चौकीदार और एक अन्य कर्मचारी शामिल था. बचाव अधिकारियों से मिली शुरुआती जानकारी के मुताबिक, पीड़ितों में एक गर्भवती महिला और उसके साथ आए दो लोग भी शामिल थे.

एक महिला अटेंडेंट भी शामिल

पुलिस ने बताया कि घायलों में बेसिक हेल्थ सेंटर की दो दाइयां (मिडवाइफ) और एक महिला अटेंडेंट भी शामिल हैं. थारपारकर एसएसपी के मुताबिक, उन्होंने अधिकारियों को घायलों के लिए तुरंत चिकित्सा सहायता और समय पर इलाज सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है. शुरुआती इलाज के बाद घायलों को कराची भेज दिया गया था. जियो न्यूज के अनुसार, सिंध का ये इलाका सूखे की चपेट में रहता है, जहां के निवासी इलाज के लिए अक्सर सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं पर ही निर्भर रहते हैं.

ईंधन के लिए फंड की कमी

अक्टूबर 2019 में इलाके के मिथी स्थित सिविल अस्पताल ने एक शिशु के शव को ले जाने के लिए एम्बुलेंस देने से मना कर दिया, जिसका कारण उन्होंने ईंधन के लिए फंड की कमी बताया.

इसे भी पढ़ें. UP: हिंसा करने वालों को नहीं मिलेगी सरकारी नौकरी? योगी सरकार ने बदले कैरेक्टर सर्टिफिकेट के नियम

Latest News

रबी फसलों की खरीद बढ़ी, MSP भुगतान 8 लाख करोड़ रुपये के पार; किसानों को मिला बड़ा सहारा

MSP Hike 2027-28: रबी फसलों की खरीद और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) के तहत किसानों को किए जाने वाले...

More Articles Like This

Exit mobile version