Mahakumbh 2025: अखिलेश यादव ने मुलायम सिंह यादव की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण, इस्कॉन भंडारे में बनाया प्रसाद

Shivam
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Reporter The Printlines (Part of Bharat Express News Network)
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Mahakumbh 2025: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) प्रयागराज के दौरे पर हैं. वह महाकुंभ पहुंचे. संगम में स्नान किया और साधु-संतों का आशीर्वाद भी लिया. इस दौरान वह सेक्टर-19 में अदाणी और इस्कॉन के सहयोग से चल रहे भंडारे में भी शामिल हुए. यहां उन्होंने सब्जी बनाई. अखिलेश यादव ने भंडारे में भोजन भी किया. साथ ही अपने पिता और दिवंगत नेता मुलायम सिंह यादव की मूर्ति पर माल्यार्पण भी किया. जानकारी के मुताबिक, रोजाना एक लाख श्रद्धालुओं के लिए इस्कॉन की रसोई में महाप्रसाद तैयार किया जा रहा है.

प्रसिद्ध उद्योगपति गौतम अदाणी 21 जनवरी को इस्कॉन के शिविर में शामिल हुए थे. यहां पर महाप्रसाद बनाया गया था. इस्कॉन शिविर और अदाणी ग्रुप की ओर से भंडारे की शुरुआत की गई. भंडारे में दाल, सोयाबीन और आलू की सब्जी, रोटी, पूड़ी और हलवा परोसा गया. उन्होंने खुद भंडारे में भोजन किया. महाप्रसाद सेवा 26 फरवरी तक दी जा रही है. अखिलेश यादव उस शिविर में भी पहुंचे जहां मुलायम सिंह यादव की प्रतिमा स्थापित की गई थी.

अखिलेश यादव ने अपने पिता मुलायम सिंह यादव की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण

यहां उन्होंने अपने पिता की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया. कन्नौज में उन्होंने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा कि सबके नेताजी और अपने पिताजी को महाकुंभ परिसर में श्रद्धा सुमन अर्पण. अखिलेश यादव ने इसकी तस्वीरें भी अपने सोशल मीडिया हैंडल पर शेयर की हैं. इस मौके पर उन्होंने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से भी मुलाकात की।. इस दौरान उन्‍होंने सोशल मीडिया मंच एक्‍स पर लिखा कि महाकुंभ की पुण्य-यात्रा महाकुंभ 144 साल में एक बार आता है, वो भी संगम के किनारे ही, मतलब जीवन में एक बार और वो भी नदियों के मिलन स्थल पर.

इसीलिए इससे ये संकल्प लेना चाहिए कि हमें जो जीवन मिला है, वो अलग-अलग दिशाओं से आती हुई धाराओं के मिलन से ही अपना सही अर्थ और मायने पा सकता है. उन्होंने आगे लिखा, हमें संगम की तरह जीवन भर मेलजोल का सकारात्मक संदेश देना चाहिए। सद्भाव, सौहार्द और सहनशीलता की त्रिवेणी का संगम जब-जब व्यक्ति के अंदर होगा… तब-तब हम सब महाकुंभ का अनुभव करेंगे.

–आईएएनएस

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