भारत को बढ़ानी होगी सैन्य ताकत, ‘PAK और बांग्लादेश…’, रिटायर्ड विंग कमांडर ने किया अलर्ट

Must Read

Indian Army : पड़ोसी देशों से तनाव के बीच चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान का कहना है कि भारत की सुरक्षा बाहरी और भीतरी दोनों दबावों में है. ऐसे में उन्होंने चीन, पाकिस्तान के साथ बांग्लादेश के गठजोड़ को भारत की स्थिरता के लिए बड़ा खतरा बताया. इस बात पर प्रतिक्रिया देते हुए विंग कमांडर (सेवानिवृत्त) प्रफुल्ल बख्शी ने कहा कि हमलो के दौरान बांग्लादेश और पाकिस्तान को चीन हथियार सप्‍लाई करता है.

विंग कमांडर प्रफुल्ल बख्शी ने दिया बयान

इस दौरान मीडिया से बातचीत करते समय विंग कमांडर प्रफुल्ल बख्शी ने कहा कि चीन और पाकिस्‍तान की पहले से ही दोस्‍ती अच्‍छी रही है और वर्तमान समय में चीन ने बांग्लादेश और पाकिस्तान साथ साझेदारी और भी मजबूत कर ली है. इसके साथ ही वह दोनों को हथियार सप्लाई कर रहा है. इसका उदाहरण यह है कि मिग-21, चीन ने जिसकी कॉपीराइट का उल्लंघन करके नकल करके उसका एफ-7 संस्करण विकसित किया.

चीन-पाकिस्‍तान ने भारत को बनाया निशाना  

जानकारी देते हुए उन्‍होंने बताया कि चीन और पाकिस्‍तान दोनों ने साझा करके भारत का निशाना बनाया है, ऐसे में बांग्लादेश के साथ देश के रिश्ते अच्छे नहीं हैं. इस दौरान चीन दोनों देशों को मिलाकर भारत पर बड़ा दबाव बना रहा है. उनका कहना है कि अगर हम पाकिस्तान पर हमला करे है तो चीन बांग्लादेश को सपोर्ट कर सकता है. इसके साथ ही बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस ने पहले ही साफ तोर पर बोल दिया है कि सिलीगुड़ी कॉरिडोर पर उनकी नजर हो सकती है.

इस्‍लाम को लेकर पाकिस्‍तान-बांग्‍लादेश की साझेदारी

जानकारी के मुताबिक, इस मामले का लेकर बख्शी का कहना है कि चीन नॉर्थ ईस्ट में बांग्लादेश से कई हथियारों की सप्लाई करता है. चीन का एक्‍सेस बांग्लादेश और पाकिस्तान के साथ है, अगर लड़ाई होती है तो तीन फ्रंट हो जाएंगे. ऐसे में भारत को अपनी क्षमता कई अधिक बढ़ानी होगी. उन्‍होंने ये भी कहा कि पाकिस्तान और बांग्लादेश की साझेदारी इस्लाम को लेकर है. ऐसे में दोनों के बीच करीबी बढ़ रही है.

 इसे भी पढ़ें :- पाकिस्तान के बलूचिस्तान में बस पर आतंकी हमला, पहचान पूछकर 9 लोगों को मारी गोली

 

Latest News

अब 16 साल से कम उम्र के बच्चे नहीं चला पाएंगे सोशल मीडिया, ब्रिटेन सरकार का बड़ा फैसला

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया ऐप्स के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने का ऐलान किया है. सरकार का कहना है कि यह कदम बच्चों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर उठाया गया है.

More Articles Like This