Aaj Ka Mausam: जून की शुरुआत के साथ ही देश के मौसम ने अचानक खतरनाक करवट ले ली है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले 50 घंटों के लिए बड़ा अलर्ट जारी करते हुए चेतावनी दी है कि देश के कई हिस्सों में तेज आंधी, मूसलाधार बारिश, ओलावृष्टि और आकाशीय बिजली का खतरा मंडरा रहा है. दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत 15 से अधिक राज्यों में मौसम का रौद्र रूप देखने को मिल सकता है.
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से लगातार आ रही नमी तथा राजस्थान के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण तंत्र के कारण देशभर में मौसम असामान्य रूप से सक्रिय हो गया है. कई इलाकों में हवाओं की रफ्तार 80 से 90 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका जताई गई है, जिससे पेड़ उखड़ने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और जनजीवन प्रभावित होने का खतरा बढ़ गया है.
दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश में शाम होते ही बदलेगा मौसम
दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में दिनभर की उमस और गर्मी के बाद शाम को तेज धूलभरी आंधी और भारी बारिश का दौर शुरू हो सकता है. मौसम विभाग ने राजधानी में 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना जताई है. दिल्ली का अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है.
उत्तर प्रदेश में भी मौसम का असर व्यापक रूप से देखने को मिलेगा. मेरठ, गौतमबुद्ध नगर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, बिजनौर, फिरोजाबाद, एटा, मथुरा, आगरा, कानपुर, गोरखपुर, प्रयागराज और वाराणसी समेत कई जिलों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है. राजधानी लखनऊ में भी बादल छाए रहने और बारिश की संभावना बनी हुई है.
बिहार-झारखंड में बिजली गिरने का सबसे ज्यादा खतरा
बिहार और झारखंड के लिए मौसम विभाग ने विशेष चेतावनी जारी की है. इन राज्यों में बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ सकती हैं. बिहार के पटना, गया, नवादा, जहानाबाद, बक्सर, सिवान, वैशाली, भोजपुर, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज, भागलपुर, अररिया, बेगूसराय और मुंगेर में 3 से 5 जून तक भारी बारिश का हाई अलर्ट जारी किया गया है.
झारखंड की राजधानी रांची समेत जमशेदपुर, धनबाद और आसपास के क्षेत्रों में 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं. पश्चिम बंगाल के कोलकाता और उत्तर बंगाल के जिलों में भी भारी बारिश की संभावना है, जिससे पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है. ओडिशा और छत्तीसगढ़ में भी गरज-चमक के साथ बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है.
राजस्थान और मध्य प्रदेश में आंधी के साथ ओलावृष्टि की आशंका
राजस्थान में भीषण गर्मी से राहत मिलने वाली है, लेकिन तेज धूलभरी आंधी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है. चुरू, सीकर, झुंझुनू, चित्तौड़गढ़, श्रीगंगानगर, अलवर, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर, नागौर, अजमेर और भीलवाड़ा में 50 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने और बारिश होने की संभावना जताई गई है.
मध्य प्रदेश के भोपाल, नीमच, मंदसौर, विदिशा और आसपास के कई जिलों में तेज बारिश के साथ ओले गिर सकते हैं. वहीं पंजाब और हरियाणा में भी तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.
पहाड़ों पर बर्फबारी, दक्षिण भारत में मानसून का असर
जम्मू-कश्मीर के जम्मू, पुंछ, कुपवाड़ा, कुलगाम, उधमपुर, गांदरबल, कठुआ, डोडा, किश्तवाड़, रियासी, राजौरी और अनंतनाग में 5 जून तक भारी बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है. श्रीनगर का तापमान 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है.
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू, कांगड़ा, बिलासपुर, ऊना, सोलन, किन्नौर, शिमला और हमीरपुर में 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. मनाली में तापमान गिरकर 5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जबकि ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी भी हो सकती है. उत्तराखंड के देहरादून, नैनीताल, चमोली, पिथौरागढ़, हरिद्वार, बागेश्वर, रुद्रप्रयाग, ऋषिकेश और अल्मोड़ा में भूस्खलन और अचानक बाढ़ जैसी स्थितियों को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है.
पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत में भी भारी बारिश का खतरा
असम, मेघालय, नागालैंड, मिजोरम और त्रिपुरा में लगातार बारिश के कारण जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति बनने की आशंका है. वहीं दक्षिण भारत में मानसून की सक्रियता बढ़ने के साथ केरल और तमिलनाडु में 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक की तेज हवाएं चल सकती हैं. दोनों राज्यों में अत्यंत भारी बारिश को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है.
लोगों के लिए सलाह
मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े न होने तथा बिजली चमकने के समय सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है. किसानों और मछुआरों को भी विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. अगले 48 से 50 घंटे देश के कई हिस्सों के लिए बेहद संवेदनशील माने जा रहे हैं.

