रांचीः झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं के विरोध में राजधानी रांची में चल रहे छात्र आंदोलन के 18वें दिन सोमवार को विधानसभा घेराव के दौरान बड़ा घटनाक्रम सामने आया.
विधानसभा घेराव के लिए निकले प्रदर्शनकारी छात्र योगदा कॉलेज से आगे बढ़े. इस दौरान छात्रों ने पुलिस की सातवीं बैरिकेडिंग भी तोड़ दी. बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ रहे छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया. मौके पर पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार छात्रों से आगे नहीं बढ़ने और शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करने की अपील करते रहे.
ऐसे में बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ रहे छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया. इस दौरान प्रदर्शनकारियों को पीछे हटाने की कोशिश की गई, जिसमें कुछ पुलिसकर्मियों के घायल होने की भी सूचना है. मौके पर पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती कर दी गई है और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास जारी है.
अंतिम बैरिकेडिंग के पास स्थिति और तनावपूर्ण हो गई. प्रदर्शन कर रही एक छात्रा ने पुलिस की ओर जूता-चप्पल फेंका. वहीं, अंतिम बैरिकेड पार करने का प्रयास कर रहे छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया. इस दौरान छात्रों की ओर से किए गए पथराव में एक पुलिसकर्मी के सिर में चोट लगी, जिससे वह घायल हो गया.

अलग-अलग समूहों में बंटे छात्र
सातवीं बैरिकेडिंग पार करने के बाद प्रदर्शनकारी छात्रों का बड़ा हुजूम अलग-अलग समूहों में बंट गया. कुछ छात्र विधानसभा की ओर आगे बढ़ने का प्रयास करने लगे, जबकि पुलिस उन्हें रोकने में जुटी रही. इससे मौके पर तनाव की स्थिति बनी हुई है.
प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है. पुलिस की अतिरिक्त टीमें मौके पर तैनात हैं. वहीं, ड्रोन कैमरों के जरिए प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है.
विधानसभा घेराव को लेकर पुलिस-प्रशासन अलर्ट
JPSC-JSSC परीक्षा विवाद को लेकर छात्र संगठनों ने सोमवार को विधानसभा घेराव का आह्वान किया है. बड़ी संख्या में छात्र प्रदर्शन में शामिल हुए हैं. योगदा कॉलेज से आगे बढ़ने और सातवीं बैरिकेडिंग टूटने के बाद पुलिस-प्रशासन की चुनौती बढ़ गई है.
फिलहाल, पुलिस छात्रों को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास में जुटी हैं. मौके पर लगातार अपील की जा रही है कि प्रदर्शनकारी कानून-व्यवस्था बनाए रखें और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखें. स्थिति को गंभीरता को ध्यान में रखते हुए पुलिस प्रशासन मुश्तैद हैं.

