दो दिन के आधिकारिक दौरे पर जापान पहुंचे CM Yogi, टोक्यो में हुआ जोरदार स्वागत

Divya Rai
Content Writer The Printlines (Part of Bharat Express News Network)

CM Yogi: सिंगापुर दौरे के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को जापान पहुंचे, जहां टोक्यो में उनका भव्य स्वागत किया गया.

भारतीय प्रवासी समुदाय के सदस्यों ने किया अभिनंदन

उपराज्यपाल जुनिची इशिदेरा और भारतीय प्रवासी समुदाय के सदस्यों ने सीएम योगी का अभिनंदन किया. दो देशों की यात्रा के अंतर्गत यह यात्रा मुख्यमंत्री की जापान की पहली यात्रा है, जो भारत और जापान के बीच बढ़ते रणनीतिक और सांस्कृतिक संबंधों को दर्शाती एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है. सीएम योगी का दो दिन का ये आधिकारिक दौरा है.

वरिष्ठ सदस्यों के साथ CM Yogi ने की बैठक

सीएम योगी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट कर जानकारी दी कि उगते सूरज की नवोन्मेषी भूमि को प्रभु श्री राम की पावन धरा के ‘आदित्य’ का नमस्कार. एक और पोस्ट में सीएम ने कहा कि आज टोक्यो में मित्सुई एंड कंपनी के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स बिजनेस यूनिट के प्रबंध अधिकारी और मुख्य परिचालन अधिकारी काज़ुकी शिमिज़ु और उनकी टीम के वरिष्ठ सदस्यों के साथ एक सार्थक और दूरदर्शी बैठक हुई.

औद्योगिक निवेश में सहयोग पर भी हुई चर्चा

उन्होंने आगे कहा कि हमने मित्सुई एंड कंपनी को उत्तर प्रदेश में नवीकरणीय ऊर्जा, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी, सेमीकंडक्टर और डेटा सेंटर क्षेत्रों में परिवर्तनकारी निवेश के लिए आमंत्रित किया, जो राज्य के तीव्र औद्योगिक विस्तार के अनुरूप हैं. उत्तर प्रदेश के विकास गलियारों को मजबूत करने और वैश्विक आपूर्ति शृंखला एकीकरण के लिए बुनियादी ढांचा परियोजनाओं, लॉजिस्टिक्स नेटवर्क और औद्योगिक निवेश में सहयोग पर भी चर्चा हुई.

भारत-जापान औद्योगिक सहयोग को और मजबूती मिलेगी

सीएम योगी ने एक और एक्स पोस्ट में कहा कि आज टोक्यो में कोनोइके ट्रांसपोर्ट कंपनी लिमिटेड के वरिष्ठ प्रबंध कार्यकारी अधिकारी, कार्यकारी महाप्रबंधक, बिक्री प्रबंधन प्रभाग/घरेलू व्यवसाय प्रभारी शिगेकी तानाबे और उनकी टीम से मुलाकात की. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में लॉजिस्टिक्स पार्क, वेयरहाउसिंग और मल्टीमॉडल परिवहन अवसंरचना के माध्यम से कोनोइके की उपस्थिति बढ़ाने पर चर्चा की गई. कंपनी को समर्पित माल ढुलाई कॉरिडोर नेटवर्क और येइडा स्थित मेडिकल डिवाइसेस पार्क का लाभ उठाते हुए चिकित्सा उपकरण निर्माण के क्षेत्र में अवसरों का पता लगाने के लिए आमंत्रित किया गया, जिससे भारत-जापान औद्योगिक सहयोग को और मजबूती मिलेगी.

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