Washington: व्हाइट हाउस ने संकेत दिया है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ नए सैन्य हमलों पर विचार कर रहे हैं. व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि ईरान ने पिछले महीने हुए युद्धविराम समझौते (MoU) की शर्तों का पालन नहीं किया. मध्य पूर्व में एक बार फिर तनाव बढ़ता दिखाई दे रहा है. अमेरिका का आरोप है कि ईरान ने युद्धविराम समझौते का उल्लंघन किया है और होर्मुज जलडमरूमध्य में वाणिज्यिक जहाजों पर हमले कर क्षेत्रीय सुरक्षा को खतरे में डाल दिया है.
ईरान ने जहाजों पर हमले किए
लेविट के अनुसार, समझौते के तुरंत बाद ईरान ने व्यावसायिक जहाजों पर हमले किए और अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाया. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तेहरान गंभीरता से बातचीत की मेज पर नहीं लौटता, तो उसे इसकी भारी कीमत चुकानी पड़ेगी. राष्ट्रपति ट्रंप ने भी सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि अमेरिका ईरान पर बहुत कड़ा प्रहार करेगा. उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा आएगा जब ईरान खुद कहेगा कि वह अब और हमले सहन नहीं कर सकता.
ईरान पर कोई नया हमला नहीं
हालांकि, बीती रात अमेरिका की ओर से ईरान पर कोई नया हमला नहीं किया गया. इस बीच, ईरान के अर्धसैनिक बल इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने होर्मुज जलडमरूमध्य में दो और तेल टैंकरों को निशाना बनाया है. दूसरी ओर, कुवैत ने अपने हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने वाले एक ड्रोन को मार गिराने की पुष्टि की है. इन घटनाओं ने दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर चिंता और बढ़ा दी है.
गाजा युद्ध से जुड़ा महत्वपूर्ण घटनाक्रम
उधर, गाजा युद्ध से जुड़ा एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम भी सामने आया है. हमास ने पुष्टि की है कि वह हथियार छोड़ने के लिए तैयार है. इसे गाजा संघर्ष समाप्त करने की दिशा में सकारात्मक संकेत माना जा रहा है, हालांकि स्थायी शांति के रास्ते में अभी भी कई जटिल मुद्दे बने हुए हैं.
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