डिस्पोजेबल कप का प्रयोग जान के साथ खिलवाड़, ध्यान में रखें ये बात

Must Read

Disposable Cup Side Effect: आज के समय में डिस्पोजेबल कप, प्लेट का खूब प्रयोग हो रहा है. अगर आप भी इसका प्रयोग करते हैं तो तो सावधान हो जाइए. क्योंकि इसमें जिस केमिकल का इस्तेमाल होता है वो सेहत के लिए काफी खतरनाक हो सकता है. इतना ही नहीं इससे कैंसर जैसी बीमारियां हो सकती हैं.

दरअसल, जमाने के साथ साथ लोगों की लाइफस्टाइल भी बदल गई है. अब लोग स्टील या कांच की गिलास या बर्तन की जगह डिस्पोजेबल का इस्तेमाल कर रहे हैं. चाहे ऑफिस हो या बड़े रेस्टोरेंट हर जगह इन्हीं कप का उपयोग हो रहा है, लेकिन डिस्पोजेबल कप का ज्यादा उपयोग सेहत को प्रभावित कर सकता है. आइए जानते हैं इससे होने वाले नुकसान…

डिस्पोजेबल कप से हो सकता है कैंसर
डिस्पोजेबल कप बनानें में प्लास्टिक और केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है, जिसको लंबे समय तक यूज करने से कैंसर का खतरा बढ़ सकता है और सेहत को काफी नुकसान पहुंचाता है. डॉक्टरों का कहना है कि डिस्पोजेबल कप में बिसफेनोल और बीपीए जैसे केमिकल का यूज किया जाता है जो काफी खतरनाक है. जब इन कप में चाय या गर्म पानी पीते हैं तो इसमें मौजूद केमिकल इनमें घुल जाते हैं और यही केमिकल पेट में पहुंचकर कैंसर जैसी बीमारी को जन्म देते हैं.

डिस्पोजेबल कप से होने वाली बीमारियां
डॉक्टर के अनुसार, डिस्पोजेबल कप बनाने में केमिकल ही नहीं बल्कि माइक्रोप्लास्टिक का भी इस्तेमाल होता है, जिसके काफी लंबे समय तक उपयोग करने से थायराइड और कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी हो सकती हैं. डिस्पोजेबल कप में चाय और कोई भी गर्म चीज पीने से सेहत को काफी नुकसान पहुंच सकता है. इसलिए इसके इस्तेमाल से हमेशा बचने की कोशिश करें.

डिस्पोजेबल कप की जगह कया करें इस्तेमाल
डिस्पोजेबल कप के इस्तेमाल से बचने के लिए एक विकल्प है. इसकी जगह आप स्टील का बर्तन या कुल्हड़ का उपयेग कर सकते हैं. चाय, कॉफी या पानी पीने के लिए प्लास्टिक या पेपर के इस्तेमाल बिल्कुल भी न करें. मिट्टी के कुल्हड़ में कई ऐसे तत्व पाए जाते हैं, जो हड्डियों के लिए लाभदायक होता है. इसलिए डिस्पोजेबल कप की जगह कुल्हड़ या स्टील के बर्तन का यूज कर सकते हैं.

Also Read:

Latest News

LPG Supply: LPG पर सरकार का बड़ा फैसला, 21 कंपनियों के लिए उत्पादन कोटा तय

LPG Supply: देश में रसोई गैस की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के लिए केंद्र सरकार ने 21 रिफाइनरियों और अपस्ट्रीम कंपनियों के लिए LPG उत्पादन का लक्ष्य तय किया है. कुल 63,810 टन प्रतिदिन की उत्पादन क्षमता निर्धारित की गई है.

More Articles Like This